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15 फरवरी, 2020|5:18|IST

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अब ट्रेन ट्वेंटी का होगा निर्माण

अब ट्रेन ट्वेंटी का होगा निर्माण

भारतीय रेलवे को गति व विकास देने की योजना रेल मंत्रालय में चल रही है। बुलेट ट्रेन की तरह रफ्तार पकड़ने वाली ट्रेन 18 को चलाया गया है। अब ट्रेन 20 के निर्माण लक्ष्य है। धीरे धीरे हम देशभर में ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाने में जल्द कामयाब हो जाएंगे और हर राज्यों में बुलेट ट्रेन चलने लगेंगी। यह बातें बड़ोदरा के भारतीय रेल राष्ट्रीय अकादमी (नायर) के महा निदेशक संजय पाल सिंह चौहान ने जमालपुर दौरे के क्रम में शुक्रवार को इरिमी के 93वां वार्षिकोत्सव समारोह उपरांत कहीं। उन्होंने कहा कि दिल्ली से वाराणसी रेलखंड में ट्रेन 18 का परिचालन शुरू किया गया है। बुलेट ट्रेन के लिए बड़ोदरा में प्रशिक्षण केंद्र बनाया जा रहा है। आने वाले दिनों में देशभर में बुलेट ट्रेन या इसके समकक्ष ट्रेनें ही पटरी पर दौड़ेंगी। और इसी बुलेट ट्रेन के सहारे भारतीय रेल व देश का विकास होगा। उन्होंने कहा कि इरिमी सबसे पुरानी संस्थान है।

नेशनल एकेडमी ऑफ इंडियन रेलवे के अधीन : जमालपुर इरिमी, लखनऊ के ट्रैफिक संस्थान, लखनऊ में आरपीएफ संस्थान, नासिक के इलेक्ट्रिक इंजीनियर संस्थान, सिकंदराबाद के सिग्नल व टेलीकॉम संस्थान, पूणे के सिविल इंजीनियर संस्थान को नेशनल एकेडमी ऑफ इंडियन रेलवे के अधीन कर दिया गया है। रेलवे विश्वविद्यालय जमालपुर बनेगा या कहीं और यह रेल मंत्रालय का नीतिगत फैसला होगा। वैसे देश के छह भारतीय रेल के प्रशिक्षण संस्थानों का इंफ्रास्ट्रक्चर काफी दयनीय है। लेकिन अब नयी लाइनें व पटरी का दोहरीकरण तथा विद्युतीकरण तेजी से किया जा रहा है।