
स्टांप टिकट की कालाबाजारी, अधिक राशि देकर खरीदने को विवश हैं उपभोक्ता
मुंगेर में न्यायालय परिसर और अवर निबंधन कार्यालय में स्टाम्प टिकट की कालाबाजारी से उपभोक्ता परेशान हैं। 100 रुपए का स्टाम्प टिकट 130 रुपए, 500 रुपए का 550 रुपए और 1000 रुपए का 1100 रुपए में बेचा जा...
मुंगेर, निज संवाददाता /मनोज कुमार। न्यायालय परिसर और अवर निबंधन कार्यालय में स्टाम्प टिकट की कालाबाजारी से इन दिनों उपभोक्ता परेशान हैं। एक सौ रुपए का स्टाम्प टिकट 130 रुपया में, 500 रुपए का स्टाम्प टिकट 550 रुपया में और 01 हजार रुपए का स्टाम्प टिकट 1100 रुपए में उपभोक्ता खरीदने को विवश हैं। कालाबाजारी में स्टाम्प टिकट सिर्फ उपभोक्ता ही नहीं बल्कि वकील भी अधिक राशि देकर स्टाम्प टिकट खरीदने को विवश हैं। स्टाम्प टिकट की कालाबाजारी पर कोषागार, विधि शाखा और ना ही अवर निबंधन कार्यालय रोक लगा पा रही है। कालाबाजारी पर अंकुश लगाना तो दूर अवैध रूप से स्टाम्प टिकट की बिक्री कर रहे वेंडरों पर भी अंकुश नहीं लग पा रहा है।

विधि शाखा के पेशकार की मानें तो लाइसेंसी वेंडर ही स्टाम्प टिकट की बिक्री के लिए अधिकृत हैं। अधिकृत वेंडर के अलावा अन्य कोई अगर स्टाम्प की बिक्री करता है तो यह गलत है। लेकिन उपभोक्ताओं को अधिकृत वेंडर स्टाम्प उपलब्ध ही नहीं कराते। मजबूरन शपथ पत्र बनाने और एकरारनामा कराने के लिए लोग अधिक राशि देकर स्टाम्प टिकट की खरीदारी करने को विवश हैं। ----- सदर में 6 अधिकृत स्टाम्प वेंडर सदर अनुमंडल में 6 अधिकृत स्टाम्प वेंडर हैं। अधिकृत स्टाम्प वेंडरों को कोषागार से स्टाम्प उपलब्ध कराया जाता है। परंतु अधिकृत स्टाम्प वेंडरों द्वारा न्यायालय परिसर और अवर निबंधन कार्यालय के समीप झोपड़ी में दुकान चलाने वाले अवैध वेंडरों को निर्धारित दर से 15 से 50 रुपया अधिक राशि लेकर स्टाम्प उपलब्ध कराया जाता है। जिसे अनाधिकृत स्टाम्प वेंडर 30 से 100 रुपया अधिक राशि लेकर उपभोक्ताओं को बिक्री करते हैं। कालाबाजारी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उपभोक्ताओं को अधिकृत वेंडर द्वारा स्टाम्प उपलब्ध नहीं कराया जाता। मजबूरन अनाधिकृत वेंडर से उपभोक्ता स्टाम्प खरीदने को विवश हैं। ----- आधार कार्ड के बाद भी बैक डेट का स्टाम्प स्टाम्प टिकट की कालाबाजारी पर रोक लगाने के उद्देश्य से पूर्व में डीएम के आदेश पर स्टाम्प टिकट की खरीदारी के लिए आधार कार्ड को अनिवार्य किया गया था। स्टाम्प टिकट के लिए अभी भी आधार कार्ड और खरीदने वाले का सिग्नेचर अनिवार्य है। लेकिन दुकानदार अधिकृत वेंडर से पूर्व में खरीदे गए बैक डेट का ही स्टाम्प टिकट उपभोक्ता को उपलब्ध कराते हैं। जिला कोषागार पदाधिकारी बताते हैं इस संबंध में जिला अवर निबंधन पदाधिकारी ही कुछ बता पाएंगे। ---- बोले अवर निबंधन पदाधिकारी अभी वह जिला में नया आए हैं। स्टाम्प टिकट की बिक्री ज्यादा कीमत पर हो रही है, इसकी जानकारी नहीं है। मीडिया से जानकारी मिली है, पता लगा कर कार्रवाई की जाएगी। - अश्विनी कुमार, जिला अवर निबंधन पदाधिकारी, मुंगेर।

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