एसटीएफ और मुंगेर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: भारी मात्रा में कारतूस और हथियार के साथ 3 तस्कर गिरफ्तार, 4.5 लाख कैश बरामद

Newswrap हिन्दुस्तान, मुंगेर
Follow us on Google News
share

पुलिस को मिली थी सूचना - मुख्य सरगना का अपराध से जुड़ा है पारिवारिक इतिहास, साढ़े तीन साल से कोलकाता के अलीपुर जेल में बंद है उसका पिता - पुलिस को क

एसटीएफ और मुंगेर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: भारी मात्रा में कारतूस और हथियार के साथ 3 तस्कर गिरफ्तार, 4.5 लाख कैश बरामद

​मुंगेर, निज संवाददाता। हथियार तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान में मुंगेर पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। टीम ने मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बाकरपुर में रविवार को छापेमारी कर भारी मात्रा में जिंदा कारतूस, हथियार और नकद रुपए के साथ तीन शातिर तस्करों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। इस पूरे मामले का खुलासा मुंगेर एसपी सैयद इमरान मसूद ने किया। सुरेश्वरता के दौरान उनके साथ सदर डीएसपी अभिषेक आनंद तथा मुफस्सिल थानाध्यक्ष विपिन कुमार मुक्त रूप से उपस्थित थे। ​बाकरपुर में गुप्त सूचना पर हुई छापेमारीः​एसपी सैयद इमरान मसूद ने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि बाकरपुर में अवैध हथियारों और गोलियों की बड़ी खेप जुटाई गई है, जिसे आगे सप्लाई करने की तैयारी है।

सूचना के आलोक में सदर एसडीपीओ के नेतृत्व में एसटीएफ और मुंगेर पुलिस की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बाकरपुर स्थित मोहम्मद साहिल मलिक के घर पर छापेमारी की।​भारी मात्रा में कारतूस और नकद बरामदः​पुलिस ने जब साहिल मलिक के घर और वहां खड़ी गाड़ियों की तलाशी ली, तो अधिकारियों के होश उड़ गए। एसपी ने बताया कि तस्करों के पास से ​7.65 कैलिबर के 120 राउंड जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। ​एक 9 एमएम की पिस्टल और मैगजीन को एक बाइक से बरामद किया गया। साथ ही 4.5 लाख रुपए नकद जब्त किए गए हैं, जो अवैध हथियारों और कारतूसों की बिक्री से कमाए गए थे। इसके अलावा ​चार मोबाइल फोन और दो गाड़ियां (एक फोर-व्हीलर और एक टू-व्हीलर) भी जब्त की गई हैं। वहीं, हथियार बनाने और फिनिशिंग के बाद उस पर लगाए जाने वाले कई तरह के अटैचमेंट और मटेरियल भी बरामद हुए हैं।​कोलकाता जेल में बंद है मुख्य सरगना का पिताः​एसपी इमरान मसूद ने एक चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया कि पकड़ा गया मुख्य तस्कर मोहम्मद साहिल मलिक का पारिवारिक इतिहास भी अपराध से जुड़ा है। उसका पिता मोहम्मद इम्तियाज उर्फ अबू भी हथियार तस्करी के मामले में पिछले करीब साढ़े तीन साल से पश्चिम बंगाल की कोलकाता स्थित अलीपुर जेल में बंद है। पिता के जेल जाने के बाद साहिल मलिक ने इस अवैध कारोबार की कमान संभाल ली थी।​इसकी हुई गिरफ्तारीः​पुलिस की गिरफ्त में आए तस्करों की पहचान ​मोहम्मद साहिल मलिक (पिता- मोहम्मद इम्तियाज, निवासी- बाकरपुर, मुंगेर) - मुख्य तस्कर, ​मोहम्मद आजाद (निवासी- मिर्जापुर बर्धा, मुंगेर) - सप्लायर/लिंक तथा ​गोपाल दास (निवासी- मिल्की चक, नया रामनगर थाना, मुंगेर) - सप्लायर/लिंक के रूप में हुई है।​क्या था काम करने का तरीकाः​एसपी ने बताया कि साहिल मलिक इस गिरोह का मुख्य सरगना है। वह अलग-अलग जगहों के निर्माताओं से हथियार फिनिश होने के बाद अपने घर मंगाता था और स्टॉक करता था। इसके बाद, मोहम्मद आजाद और गोपाल दास ग्राहकों को तलाश कर लाते थे। ये दोनों साहिल से हथियार और कारतूस लेकर आगे की सप्लाई चेन को बढ़ाते थे।​क्या बोले एसपी:यह हथियार और कारतूस तस्करी में शामिल गिरोह के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई है। तस्करों के तार अन्य जिलों से भी जुड़े हैं, क्योंकि कारतूसों की सप्लाई सिर्फ मुंगेर से नहीं, बल्कि बाहर से भी की जा रही थी। पूछताछ में कारतूस सप्लाई करने वाली एक पूरी चेन का पता चला है, जिसपर पुलिस अनुसंधान कर रही है। इस सिंडिकेट में शामिल अन्य आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।- सैयद इमरान मसूद, एसपी मुंगेर।

कृपया अपने अनुभव को रेट करें

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।