
बिहार में अब तक 88 फीसदी से ज्यादा गणना प्रपत्र हुए जमा, महज 54 लाख फॉर्म ही बचे; कितने वोटर पते पर नहीं मिले
बिहार में मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान अबतक 12 लाख 55 हजार 620 मतदाता मृत पाए गए है। आयोग के अनुसार एक से अधिक स्थानों पर नामांकित 5,76,479 मतदाताओं (0.73 प्रतिशत) के नाम एक से अधिक स्थानों पर पाए गए हैं और इनकी पहचान की जा चुकी है।
बिहार में चल रहे मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान राज्य के सात जिलों में 90 प्रतिशत से अधिक गणना फॉर्म जमा किए जा चुके हैं। वहीं, पूरे राज्य में अब मात्र 54,07,483 फॉर्म जमा कराया जाना शेष रह गया है। जो कि कुल मतदाताओं का 6.85 प्रतिशत है। बुधवार को चुनाव आयोग से मिली जानकारी के अनुसार 35,69,435 मतदाता (4.5 प्रतिशत) मतदाता अपने पते पर नहीं मिले हैं, जबकि अबतक स्थायी रूप से निवास स्थान परिवर्तित कर चुके मतदाताओं की संख्या 17,37,336 (2.2 प्रतिशत) पाई गई है। वहीं, पुनरीक्षण के दौरान अबतक 12 लाख 55 हजार 620 मतदाता मृत पाए गए है। आयोग के अनुसार एक से अधिक स्थानों पर नामांकित 5,76,479 मतदाताओं (0.73 प्रतिशत) के नाम एक से अधिक स्थानों पर पाए गए हैं और इनकी पहचान की जा चुकी है।
चुनाव आयोग के अनुसार, जमुई में 90.68 प्रतिशत एवं वैशाली, खगड़िया, शेखपुरा, मुंगेर, अरवल और जहानाबाद में भी 90 प्रतिशत से अधिक गणना फॉर्म जमा किए जा चुके हैं। वहीं, गया में 88 प्रतिशत, नवादा में 87 प्रतिशत, रोहतास में 85 प्रतिशत, बक्सर में 89, पटना में 86 प्रतिशत, नालंदा में 88 प्रतिशत गणना फॉर्म जमा किए जा चुके हैं। आयोग के अनुसार, अबतक शेष सभी जिलों में 85 से 90 प्रतिशत के बीच गणना फॉर्म जमा किए गए हैं।
पटना शहर में 80 प्रतिशत तो ग्रामीण क्षेत्र में 88 प्रतिशत गणना फॉर्म जमा किए गए है। वहीं, आयोग के अनुसार, बुधवार की शाम 6 बजे तक 88.65 प्रतिशत गणना फॉर्म जमा किए जा चुके हैं। 24 जून 2025 को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण शुरू होने के दिन तक राज्य में 7,89,69,844 मतदाता थे। इनमें अबतक 6,99,92,926 मतदाताओं के गणना फॉर्म जमा हो चुके हैं। इनमें से 81.96 प्रतिशत गणना फॉर्म ईसीआइ-नेट पर अपलोड भी किए जा चुके हैं।





