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15 अगस्त, 2020|9:22|IST

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राजनगर में धान की फसल बर्बादी के कगार पर

राजनगर में धान की फसल बर्बादी के कगार पर

बीते सप्ताह हुई मुसलाधार बारिश ने राजनगर प्रखंड क्षेत्र के हजारों एकड़ धान के फसल को डुबा दिया। प्रखंड के चिचरी बुजुर्ग गांव पूर्ण रूप से जलमग्न है। जिस कारण खेतों में लगा धान का फसल पानी में डुबा हुआ है। वहीं कई मुहल्ला में घरों में पानी घुस गया है। किसान विपीन देव, अरुण देव, शतीश मिश्र व ललन मिश्र की माने तो लगातार हुई मुसलाधार बारिश ने धान की फसल को अपने आगोश में समा लिया है। खेत की ओर देखने पर समुद्र सा नजारा दिखता है। अब तो किसी किसान के पास बिचड़ा भी नहीं है, जो दुबारा रोपनी कर सके। किसानों की माने तो कोसी नहर निर्माण के समय जल निकासी की व्यवस्था कायदे से नहीं होने का खामियाजा चिचरी बुजुर्ग व आसपास के किसानों को भुगतना पड़ रहा है। नहर खुदाई तो हो गई परन्तु जल निकासी कैसे होगा, इसपर किसी विभाग ने ध्यान नहीं दिया। ग्रामीणों के अनुसार इस होकर करीब दस किमी एरिया का पानी निकासी होता है। परन्तु कोसी नहर के बांध से पानी अवरुद्ध हो जाता है। और चिचरी बुजुर्ग का पूरा एरिया जलमग्न हो जाता है।

स्कूल पर खतरा स्कूल पर खतरा:

बाबूबरही। बाबूबरही प्रखंड क्षेत्र में नहर नदियों का जलस्तर अस्थिर हो गया है। कमला व बलान का जलस्तर जहां कम हो रहा है वहीं धोरी, त्रिशुला समूह की नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। कटाव का खतरा बढ़ गया है। बलानशेर गांव के प्राइमरी स्कूल के पास कटाव का सिलसिला जारी है। इससे गांव के लोग सहमे हुए हैं। स्थानीय लोगों का यह कहना है कि यदि यही स्थिति रही तो गांव के साथ स्कूल का बचना दूभर होगा। स्कूल के साथ बाग बागान व खेत खलिहान नदी में समा जाएगा।

सड़क संपर्क भंग:

रहिका। दरभंगा—जयनगर एन एच के ककरौल गांव से पश्चिमी की ओर जानेवाली सड़क कमलपुर के पास कटाव बन गया है। जिसके कारण रहिका एवं विस्फी प्रखंड जानेवाली सड़क का जिला मुख्यालय से संपर्क कट गया है। नेपाल की ओर से पुरानी कमला नदी के पानी के दबाव से सड़क पर से पानी सोमवार की रात से बहाव बन गया। सुबह होते ही पानी की तेज धारा के कारण सड़क पर कटाव उत्पन्न हो गया। इस सड़क के कटाव के कारण दर्जनों गांवों का आवागमन अवरुद्ध हो गया है। लोगों ने बताया कि पानी का दबाव उत्तर दिशा से अधिक है लगभग पचास फीट लंबाई में पानी बह रहा है। पानी की वृद्धि हो रही है। लोगों ने प्रशासन से मांग किया है कि सड़क मार्ग को दुरुस्त किया जाय। विलम्ब होने की स्थिति में सड़क अधिक क्षतिग्रस्त हो सकता है।

आवागमन ठप:

लदनियां। लदनियां से लौकहा जाने वाली एनएच—104 पर कटैया नदी पुल का डायवर्सन टूटने से तीसरे दिन आवागमन बाधित रहा। लक्ष्मीनियां,पिपराही, सिधपा व बेलाही के लोगों का संपर्क प्रखंड मुख्यालय से टूट चुका है। इन पंचायतों के लगभग बीस हजार लोगों का कारोबार प्रभावित हुआ है। जरुरतमंदों की मांग पर झलौन गांव के लोगों ने इस डायवर्सन पर आनन-फानन में बांस बल्ले के सहारे एक चचरी पुल का निर्माण किया, जिससे होकर लोगों का आना जाना हो रहा है। हालांकि बदले में पैदल सवार से 10 रुपये, साइकिल सवार से 30 व बाइक सवार से 100 रुपये उतराई के तौर पर लिये जाते हैं। लोग अपनी जेब खाली होने का आक्रोश पुल निर्माण कंपनी बीएमसी के प्रति जता रहे हैं।

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  • Web Title:Paddy crop on the verge of ruin in Rajnagar