DA Image
21 जनवरी, 2020|5:02|IST

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

जिले के ऐतिहासिक मंदिरों व मठों के बहुरेंगे दिन

जिले के ऐतिहासिक मंदिरों व मठों के बहुरेंगे दिन

जिले के ऐतिहासिक मंदिरों व मठों के दिन अब बहुरेंगे। बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद उसकी मरम्मत व जीर्णोद्धार कराएगी। न्यास के अध्यक्ष ने सभी न्यासधारी, सेवायत व समिति से 21 दिनोंके अंदर बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद से निबंधित मंदिरों एवं मठों से प्रस्तावित व्यय के साथ स्टीमेट बनाकर आवेदन आवेदन करने का आग्रह किया है। न्यासधारी, सेवईत व समिति को आवेदन के साथ मठ व मंदिर के ऐतिहासिक व पौराणिक होने का छाया चित्र के साथ साक्ष्य भी देना होगा। बता दें कि जिले में एक दर्जन से अधिक ऐतिहासिक मंदिर व मठ है। जो आज मरम्मत एवं रख-रखाव के अभाव में ध्वस्त होने के कगार पर है। पंडौल के बरमोतरा गांव स्थित रामजानकी मंदिर, राजनगर राज कैम्पस स्थित विभिन्न ऐतिहासिक मंदिर, कपिलेश्वर स्थान मंदिर, गिरजास्थान मंदिर सहित कई मंदिर व मठ है। जिसे मरम्मत की दरकार है। वर्षों से इसका रंग रोगन एवं मरम्मती नहीं की गई है। इससे ये अपना अस्तित्व खोने लगा है। जरूरत है इसके मरम्मत व जीर्णोद्धार की। ताकि ऐतिहासिक महत्व के ये मंदिर सुरक्षित रखे जा सके। और लोगों को वहां पूजा-पाठ में सुविधा हो।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Many days of historic temples and monasteries in the district