त्रिवेणी संगम पर गणेश चतुर्थी को ले उमड़ा आस्था का सैलाब

त्रिवेणी संगम पर गणेश चतुर्थी को ले उमड़ा आस्था का सैलाब

संक्षेप:

गणेश चतुर्थी के अवसर पर पिपराघाट स्थित कमला बलान और सोनी नदी के त्रिवेणी संगम पर दस हजार से अधिक श्रद्धालु जल लेने पहुंचे। श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना की और सुरक्षा के लिए ड्रोन का उपयोग किया गया। पूजा...

Aug 28, 2025 01:11 am ISTNewswrap हिन्दुस्तान, मधुबनी
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बाबूबरही, निज संवाददाता। गणेश चतुर्थी के पावन अवसर पर सोमवार को पिपराघाट स्थित कमला बलान और सोनी नदी के त्रिवेणी संगम पर श्रद्धा और आस्था का अद्भुत नजारा दिखे। अंधराठाढ़ी, बाबूबरही और राजनगर प्रखंड क्षेत्र के घंघौर, बरहा विक्रमशेर, बिठौनी, बाबूबरही बाजार, भटगामा सहित दर्जन भर से अधिक गांवों से दस हजार से अधिक श्रद्धालु कलश यात्रा लेकर जल लेने पहुंचे थे। संगम से पवित्र जल लेने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर दिन भर पूजा समिति स्तर से ड्रोन उड़ाए जाते रहे। शंकर गौरी पुत्र भगवान गणेश की जय जय कार से पूरा संगम गुंजायमान हुआ। कलश यात्रियों की पूजा अर्चना हेतु हर घंटे पर जल लेने के वैदिक मंत्रोच्चार शुरू होते रहे।

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आसपास इलाके गणपति बप्पा मोरया के धून में सराबोर हो गया। मानो पूरे संगम घाट के पूर्वी और पश्चिम छोड़ वाले परिसर मायानगरी मुंबई जैसी हो। पूजन की एक झलक देखने को लेकर प्रथम देव गणेश के भक्तों में उल्लास और उत्साह चरम पर रहा। लाल पीले एक रंगी तथा नए-नए रंग-बिरंगे परिधानों से सुसज्जित महिला पुरुष श्रद्धालुओं का जत्था आकर्षण का केंद्र बना रहा। यात्रा को लेकर सुरक्षा बल जगह जगह मुस्तैद थे। साथ ही उमस भरी गर्मी के वजह से यात्रा को लेकर ग्रामीण भी यात्रियों की सेवा करने और उनके एक झलक पाने के लिए उत्सुक नजर आए। वहीं सुगौना उत्तरी, घंघौर, बरहा के आयोजित यात्रा सबसे खास और चर्चा में रही। इसलिए कि पूजा में इस्तेमाल होने वाले हर साधन के दाताओं ने अपने नाम को गुप्त ही रखा। गुमनाम भक्ति और निस्वार्थ सेवा की मिसाल ने श्रद्धालुओं के तन मन को और भाव विभोर कर दिया। संगम तट पर पूर्व मुखिया अजीत राय, सुनील मंडल, विष्णु कुमार चौधरी, रितु देवी आदि स्थानीय प्रशासन के अधिकारी और सामाजिक कार्यकर्ताओं का जत्था मुस्तैद रहे।