DA Image
28 नवंबर, 2020|2:00|IST

अगली स्टोरी

कालाजार मरीजों की पहचान करेंगी आशा

default image

कालाजार मरीजों की खोज के लिए प्रखंड के चार पंचायतों में मंगलवार से अभियान शुरू कर दिया गया है। अभियान दो सितम्बर तक चलाया जाएगा। इस दौरान मिलने वाले नए और इलाजरत कालाजार के रोगियों की पहचान करने के बाद जांच की जाएगी।

जांच में रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उनका सरकारी स्तर पर निशुल्क संपूर्ण इलाज होगा। इसको लेकर आशा कार्यकर्ताओं और आशा फैसिलिटेटर सहित संबंधितों को प्रशिक्षण दिलाया गया है। प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक मुकेश कुमार सिंह ने कहा कि कालाजार खोज अभियान में पांच टीम को लगाया गया है। दो सदस्यीय टीम में आशा फैसिलिटेटर, आशा कार्यकर्ता को शामिल किया गया है। बताया गया कि पूर्व में कुश्थन पंचायत में एक सक्रिय रोगी पाया गया था। कालाजार मरीजों की खोज के लिए कुश्थन, राजगंज, शेखपुरा , मधुकरचक पंचायत में मेडिकल टीम डोर टू डोर कालाजार मरीजों की पहचान करेंगी। जिसके लिए उन्हें आवश्यक प्रशिक्षण दिया जा चुका है।

फार्मेट के आधार पर किया जाएगा सर्वे : कालाजार मरीजों की पहचान के लिए आशा कार्यकर्ताओं को एक फॉर्मेट उपलब्ध कराया गया है। डोर टू डोर विजिट के क्रम में निर्धारित सवाल का जवाब लेकर उस फार्मेट में भरेंगी। संबंधित क्षेत्र के प्रत्येक घरों का सर्वे कर कालाजार मरीजों की पहचान करेंगी। अगर ऐसा कोई मरीज मिलता है तो उसे तुरंत इलाज के स्वास्थ्य केंद्र लाया जायेगा।

कालाजार के लक्षण: पीएचसी के आउटडोर में रोगियों का इलाज कर रहे चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर मिथिलेश कुमार ने बताया कि बार-बार बुखार का आना या फिर शरीर में हल्की-हल्की बुखार हमेशा रहना इसके मुख्य लक्षणों में से एक है। भूख और वजन में लगातार कमी होना भी इसका लक्षण है। लीवर का आकर सामान्य से बड़ा हो जाना, त्वचा में खुजली, जलन, रैशेष या फिर सूखापन का होना इसके मुख्य लक्षणों में गिना जाता है। कुछ रोगियों को कई बार इस बीमारी के साथ कोई अन्य बीमारी भी हो जाती है, जिससे इसके लक्षणों को पहचानना मुश्किल हो जाता है। कालाजार एक संक्रमण और परजीवी की वजह से फैलने वाला रोग है, इसीलिए हमेशा अपने घर के आस-पास और घर में सफाई रखें। इससे यह रोग नहीं फैलेगा।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Asha will identify Kalazar patients