
यूपी में बिहार बॉर्डर पर हर 10 दिन में खुल रही एक शराब दुकान, जदयू MLC का सदन में दावा
बिहार विधान परिषद में जदयू एमएलसी वीरेंद्र नारायण यादव ने दावा किया कि बिहार से सटे यूपी के जिलों में हर 10 दिन में एक नई शराब की दुकान खोली जा रही है। उन्होंने बिहार में सूखे नशे पर भी लगाम लगाने की मांग की।
बिहार विधान परिषद में बजट सत्र की कार्यवाही के दौरान बुधवार को शराबबंदी और सूखे नशे का मुद्दा गुंजा। पक्ष और विपक्ष, दोनों के सदस्य इस मुद्दे पर आक्रामक नजर आए। जनता दल यूनाइटेड (JDU) के एमएलसी वीरेंद्र नारायण यादव ने कहा कि पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश में बिहार बॉर्डर पर हर 10 दिन में नई शराब दुकान खोली जा रही है। उन्होंने नीतीश सरकार से यूपी, झारखंड, पश्चिम बंगाल जैसे पड़ोसी राज्यों की इस बारे में बातचीत करने की मांग भी की।
वहीं, आरजेडी के एमएलसी सैयद फैसल अली ने सरकार से सीमाओं की सुरक्षा बढ़ाने की मांग की। उन्होंने कहा कि शराबबंदी अपनी जगह पर है, लेकिन यह भी सत्य है कि शराब हर जगह उपलब्ध है। साथ ही शराबबंदी की वजह से दूसरे सूखे नशे में भी बढ़ोतरी हो रही है। उन्होंने राज्य में जगह-जगह रिहैबिलिटेशन सेंटर बनाने की मांग की। उन्होंने इसे समय की जरूरत बताया।
नीतीश सरकार ने सदन में माना कि शराबबंदी के बाद बिहार में सूखे नशे में बढ़ोतरी हुई है। विधान परिषद में रविंद्र सिंह के सवाल के जवाब में प्रभारी मंत्री अशोक चौधरी ने इसे स्वीकार किया।
सूखे नशे से बर्बाद हो रही जिंदगियां
जेडीयू एमएलसी खालिद अनवर ने कहा कि छोटे-छोटे बच्चे जो स्कूल से ड्रॉपआउट हैं। ये तरह-तरह का नशा करते हैं। सूंघने वाले नशे की प्रवृत्ति बढ़ रही है। इससे उनकी जिंदगी बर्बाद हो रही है। उन्होंने कहा कि उन्हें इससे बचाने की जिम्मेदारी हमारी है। इसके लिए सरकार को सख्त कदम उठाने चाहिए।
सॉलुशन सूंघ रहे बच्चे
सीपीआई की एमएलसी शशि यादव ने कहा कि नेपाल बॉर्डर के पास सूखा नशा बहुत ज्यादा हो रहा है। पटना में हनुमान मंदिर के पास , बच्चे सॉलूशन सूंघते हुए नजर आएंगे। सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए।
मंत्री का जवाब
इसके जवाब में मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि सरकार इस मुद्दे पर संवेदनशील है। यूपी की सीमा पर 23, पश्चिम बंगाल की सीमा पर 8, झारखंड की सीमा पर 19 और नेपाल सीमा पर 17 चेक पोस्ट कार्यरत हैं। सभी पर सीसीटीवी और ब्रेथ एनलाइजर लगे हुए हैं। उन्होंने कहा कि नेपाल सीमा पर एसएसबी के सहयोग से जांच कर छापामारी अभियान चलाया जा रहा है।
मंत्री ने सदन में जानकारी दी कि 2016 में शराबबंदी लागू किए जाने के बाद से बिहार में अभी तक 10 लाख केस दर्ज हुए। साढ़े 4 करोड़ की शराब जब्त हुई। 16 लाख लोग गिरफ्तार हुए।
ड्रग्स के खिलाफ अभियान चलाएगी नीतीश सरकार
इसके अलावा सूखे नशे पर भी सरकार ने कार्रवाई की है। उन्होंने बताया कि 2016 से अब तक 15800 किलोग्राम गांजा, 240 किलो अफीम, 350 किलो चरस और भारी मात्रा में कफ सिरप जब्त की गई है। मंत्री ने सदन में कहा कि सरकार की ओर से आने वाले दिनों में ड्रग्स के खिलाफ एक मजबूत अभियान चलाया जाएगा।

लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत बिहार में राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं पर गहराई से नजर रखते हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर के मुद्दे पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। जयेश मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं और लाइव हिन्दुस्तान में 4 साल से बिहार टीम का हिस्सा हैं। इससे पहले ईटीवी भारत, इंडिया न्यूज, वे2न्यूज और टाइम्स ऑफ इंडिया में विभिन्न पदों पर काम कर चुके हैं। समाचार लेखन के अलावा साहित्यिक पठन-लेखन में रुचि है।
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