DA Image
20 नवंबर, 2020|11:19|IST

अगली स्टोरी

फर्जी शिक्षकों पर तीन दिनों दर्ज कराएं प्राथमिकी: डीएम

default image

शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक डीएम संजय कुमार सिंह ने बुधवार को मंत्रणा कक्ष में की। डीएम के द्वारा शिक्षा पदाधिकारियों की जमकर क्लास लगाई गई। डीएम द्वारा हलसी प्रखंड के कैंदी पंचायत में वर्ष 2008 के नियोजन पर वर्ष 2016 में बहाल हुए 12 फर्जी शिक्षकों के नियोजन एवं वेतन भुगतान मामले पर डीएम सख्त दिखे। डीएम ने स्पष्ट लहजे में डीपीओ स्थापना शिवचंद्र बैठा से पूछा कि कैंदी के सभी 12 शिक्षक फर्जी हैं या वैध। डीपीओ ने कहा कि जांच चल रही है जिस पर डीएम ने सख्त लहजे में कहा कि इसे स्पष्ट करें। डीपीओ ने कहा कि वे सभी 12 शिक्षक फर्जी हैं। डीएम ने कहा कि तीन दिनों के अंदर सभी 12 शिक्षकों पर प्राथमिकी दर्ज कराकर रिपोर्ट उपलब्ध कराएं। डीएम के सख्त रूख के बाद कैंदी के 12 शिक्षकों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज होना तय माना जा रहा है।

इसके अलावा डीएम के द्वारा शिक्षक नियोजन 2020 के लिए रोस्टर अनुमोदन की प्रक्रिया डीएम के यहां लंबित रहने के संबंध में जानकारी ली गई। इस पर डीएम ने कहा कि 2012 से नियोजित हुए शिक्षकों का बीईओ के माध्यम से सूची प्राप्त करें। सभी बीइओ अपने अपने प्रखंड स्थित विद्यालयों के प्रधान से नियोजित शिक्षकों का सूची नियोजन के वर्ष के साथ उपलब्ध कराएंगे। जिला प्रशासन का मानना है कि जिला में ओवर यूनिट बहाली किया गया है। डीएम ने कहा कि शिक्षा पदाधिकारी खुद से नियोजन के फर्जीवाड़ा का जांच कर लें अन्यथा जिला से अगर जांच करने की जरूरत पड़ी तो किसी को नहीं बक्खा जाएगा।

डीएम के द्वारा शिक्षा विभाग के नोडल पदाधिकारी को शिक्षा विभाग के सभी कार्यालयों का महीना में कम से कम एक एक दिन अनिवार्य रूप से निरीक्षण करें। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट उन्हें उपलब्ध कराएं ताकि कमियों को दूर करने का कार्य किया जा सके। डीएम के सख्त रूख से शिक्षा पदाधिकारियों में बेचैनी छा गई है।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:FIR should be lodged on fake teachers for three days DM