
लॉटरी के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति होगी जप्त
लॉटरी के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति होगी जप्तलॉटरी के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति होगी जप्तलॉटरी के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति होगी जप्त
किशनगंज। हिन्दुस्तान प्रतिनिधि अवैध और जाली लॉटरी कारोबार के खिलाफ किशनगंज पुलिस बड़ी कार्रवाई की तैयारी में है। दो दिन पहले नकली लॉटरी गिरोह का भंडाफोड़ करने के बाद अब पुलिस इस गिरोह द्वारा अवैध कमाई से अर्जित की गई संपत्तियों की जांच और जप्ती की दिशा में आगे बढ़ रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की चल-अचल संपत्ति की गहन जांच की जाएगी और जिन संपत्तियों का वैध स्रोत नहीं पाया जाएगा, उन्हें कानून के तहत जप्त किया जाएगा। एसपी ने लॉटरी से अर्जित संपत्ति खंगालने के दिए निर्देश पुलिस अब इस मामले में एक कदम आगे बढ़ते हुए आरोपियों की संपत्ति की जांच शुरू करने जा रही है।
पुलिस यह पता लगाएगी कि आरोपियों ने अब तक कितनी चल और अचल संपत्ति अर्जित की है और उसका वैध स्रोत क्या है। बैंक खातों, जमीन, मकान, वाहन और अन्य संपत्तियों का ब्यौरा जुटाया जा रहा है। यदि संपत्ति का संबंध अवैध लॉटरी कारोबार से पाया जाता है, तो उसे जप्त किया जाएगा। एसपी संतोष कुमार ने कहा कि केवल गिरफ्तारी से अवैध कारोबार पर रोक नहीं लगती, बल्कि अपराध से अर्जित संपत्ति को जब्त करना भी उतना ही जरूरी है। इससे अपराधियों की आर्थिक रीढ़ टूटेगी और ऐसे गिरोहों को कड़ा संदेश जाएगा। गौरतलब है कि गुरुवार की देर रात किशनगंज शहर के कसेरा पट्टी इलाके में छापेमारी कर पुलिस ने अवैध लॉटरी गिरोह के सरगना समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया था। इस दौरान पुलिस ने करीब 16 लाख रुपये मूल्य की जाली लॉटरी, 2 लाख 61 हजार जाली लॉटरी कूपन, 23 हजार 894 रुपये नकद, 38 डायरी और आठ मोबाइल फोन बरामद किए थे। गिरफ्तार आरोपियों में मोहम्मद नसीम, शाकिर आलम (कसेरा पट्टी), अली खान (मोतीबाग), सूरज (टेउसा) और कृष्णा महतो (तेघरिया) शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने बताया कि जिले में लंबे समय से अवैध और जाली लॉटरी बेचे जाने की सूचना मिल रही थी। इसी आधार पर एसडीपीओ गौतम कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने कसेरापट्टी में छापेमारी कर इस गिरोह का पर्दाफाश किया। पूछताछ में हुए खुलासे के आधार पर जल्द होगी और लोगों की गिरफ्तारी एसपी संतोष कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में गिरोह का मास्टरमाइंड मोहम्मद नसीम सामने आया है। पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि जाली लॉटरी की छपाई पश्चिम बंगाल व बिहार के अन्य शहरों में की जाती थी और किशनगंज जिले सहित आसपास के इलाकों में इसकी सप्लाई की जाती थी। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर रही है और जल्द ही और गिरफ्तारियां हो सकती हैं। एसपी ने बताया कि पूछताछ में लॉटरी के कई अन्य गिरोहों का पता लगा है। हालांकि अन्य गिरोह में शामिल माफिया पुलिस से बचने के भूमिगत हो गए हैं, जिसकी तलाश की जा रही है। फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में हुए खुलासे के आधार पर पुलिस अगली कार्रवाई में जुट गयी है। पुलिस कप्तान के कड़े रुख से आने वाले दिनों में अवैध लॉटरी कारोबार से जुड़े और भी कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। बोले एसपी लॉटरी माफिया ने इस अवैध कारोबार से अब तक कितनी चल और अचल संपत्ति अर्जित की है और उसका वैध स्रोत क्या है। बैंक खातों, जमीन, मकान, वाहन और अन्य संपत्तियों का ब्यौरा जुटाया जा रहा है। यदि संपत्ति का संबंध अवैध लॉटरी कारोबार से पाया जाता है, तो उसे बीएनएसएस की धारा 107 व प्रिवेंशन ऑफ़ मनी लॉन्डरिंग एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी। संतोष कुमार, एसपी किशनगंज

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