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खोरबा के लोगों ने मुखिया पति को ताड़ के पेड़ से बांधा

खोरबा के लोगों ने मुखिया पति को ताड़ के पेड़ से बांधा

खराब सड़क से परेशान लोगों ने रविवार की सुबह मुखिया पति को ताड़ गाछ में दोनों हाथ बांध कर आधा घंटे तक बंधक बनाया रखा। मुखिया तब्बसुम आरा की सूचना पर घटनास्थल पर पहुंची मुफस्सिल थानाध्यक्ष ने मुखिया पति को मुक्त कराया। थानाध्यक्ष ने कहा कि इस मामले में किसी भी पक्ष से लिखित शिकायत नहीं की गई है। शिकायत मिलने पर कार्रवाई होगी। घटना खोरबा गांव की है। खोरबा के सैकड़ों ग्रामीणों का कहना है कि गांव से बेलवा की ओर जानेवाली खरंजा सड़क इतना खराब है कि उस पर चलना काफी मुश्किल होता है।

बरसात होने के बाद सड़क पर कीचड़ व पानी इस कदर जमा हो जाता है कि सड़क रास्ता कम और खेत ज्यादा लगता है। इससे बच्चों को जुता व चप्पल पहल कर स्कूली छात्र-छात्राओं को आने-जाने में काफी दिक्कत होती है। बच्चों को गोद में उठाकर रास्ता पार करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि खोरबा गांव से बलुवा गांव जाने वाली यह खरंजा सड़क वर्ष 2000 में बनी थी। इसके बाद वर्ष 2016 में पूरी तक खराब हो गई।

इस पर गर्मी के समय चार चक्का से यात्रा करने में काफी दिक्कत होती है। इस सड़क को मरम्मत करने के लिए खरंजा को ठीक करने के लिए मुखिया फंड से काम वर्ष 2017 के अक्टूबर माह में शुरू किया गया है। इसके बाद से आजतक केवल सड़क से पूराना ईंट हटाया दिया गया है, लेकिन सड़क का मरम्मत नहीं किया गया है। ग्रामीणों ने कहा कि बड़ा ही भरोसा से तब्बसुम आरा को मुखिया के चुनाव में वोट देकर जीतया था। सोचा था मुखिया उनके वार्ड के कम से कम सड़क को ठीक कर देंगे इससे न केवल यहां के किसानों को बाजार जाकर आनाज बेचने में सुविधा होगी और बच्चे निजी व सरकारी स्कूल में पढ़कर शिक्षित हो पायेंगे।

साथ ही अस्पताल जाने में दिक्कत नहीं होगी। लेकिन उनका सपना अधुरा ही रह गया। बीमार लोगों को खटिया पर अस्पताल ले जाते हैं और बच्चों को घर से निकालकर गोद में स्कूल पहुंचाते हैं। उन्होंने कहा कि कानून को हाथ में लेना उन्हें भी अच्छा नहीं लगता है। सड़क की जर्जरता को खत्म करने के लिए मुखिया तब्बसुम आरा और उसके पति मुजफ्फर से कई बार अनुरोध किया लेकिन उन्होंने गांव के लोगों के कल्याण के लिए कुछ भी नहीं सोचा। अंतत: थककर वे लोग मुखिया पति को बंधक बनाया है।

मुखिया ने बताया कि सड़क को मरम्मत करने के लिए कई बार उन्होंने जिला पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी, पीआरएस को कहा लेकिन वे लोग पैसा ही काम कराने के लिए नहीं देते हैं। वह क्या करें समझ में नहीं आता है। उन्होंने सरकार के लोगों पर पीसी मांगने का आरोप लगाया है। मुखिया पति मुजफ्फर ने कहा कि आज उसे सरकार के कर्मचारियों के मनमाना के कारण उन्हें गांव के लोगों का आक्रोश का शिकार होना और ताड़ के गाछ में बंधना पड़ा है।

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  • Web Title:People of Kharaba tied up the Head Husband with palm tree