मंजर से महके आम के बगीचे, अच्छी पैदावार की उम्मीद से किसानों के चेहरे खिले

Mar 08, 2026 12:43 am ISTNewswrap हिन्दुस्तान, कटिहार
share

मंजर से महके आम के बगीचे, अच्छी पैदावार की उम्मीद से किसानों के चेहरे खिले मंजर से महके आम के बगीचे, अच्छी पैदावार की उम्मीद से किसानों के चेहरे खिले

मंजर से महके आम के बगीचे, अच्छी पैदावार की उम्मीद से किसानों के चेहरे खिले

कटिहार, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि कटिहार और सीमांचल क्षेत्र के आम बगीचों में इन दिनों मंजर की बहार छाई हुई है। आम के पेड़ों पर आए घने और स्वस्थ मंजर को देखकर किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। बगीचों में हरियाली के बीच लटकते मंजर किसानों के लिए इस साल अच्छी पैदावार की उम्मीद जगा रहे हैं। किसानों का कहना है कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार पेड़ों पर मंजर अधिक और बेहतर दिखाई दे रहे हैं। किसानों के मुताबिक यदि आने वाले दिनों में मौसम अनुकूल रहा और आंधी-तूफान या ओलावृष्टि जैसी प्राकृतिक आपदाएं नहीं आईं, तो इस वर्ष आम का उत्पादन रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच सकता है।

कई किसानों का कहना है कि अधिक मंजर का मतलब बेहतर फलन की संभावना होती है, हालांकि इस दौरान मौसम का संतुलित रहना भी उतना ही जरूरी है। किसानों ने बताया कि अक्सर जब आम के पेड़ों में अधिक मंजर लगते हैं, तब मौसम में अचानक बदलाव और आंधी-तूफान की आशंका भी बनी रहती है। ऐसे में किसान मौसम की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। बावजूद इसके बगीचों में लदे मंजर किसानों के लिए उम्मीद की नई किरण बनकर सामने आए हैं।बगीचे में मंजर से लद गया है आम का पेड़जिले के कई गांवों और बगीचों में आम के पेड़ इस समय मंजर से भर गए हैं। खेतों और बगीचों का नजारा देखने लायक है। किसानों को उम्मीद है कि अगर मंजर सुरक्षित रह गए और समय पर फल में परिवर्तित हो गए, तो इस साल आम की अच्छी फसल मिलेगी और आम उत्पादकों की आमदनी भी बढ़ेगी। बताते चलें कि सीमांचल क्षेत्र में आम की कई किस्मों की खेती की जाती है। इनमें मालदह, बंबईया, गुलाब खास, कलकतीया, बिजू, आम्रपाली, लंगड़ा और दशहरी प्रमुख हैं। इनमें कटिहार क्षेत्र का जर्दालू आम अपनी खास पहचान रखता है। इस आम को भौगोलिक संकेतक (जीआई टैग) भी प्राप्त है, जिससे इसकी पहचान और मांग दोनों बढ़ी हैं।जर्दालू आम अपने खास स्वाद और सुगंध के लिए देशभर में प्रसिद्ध है। इसे कम शर्करा वाला आम भी माना जाता है, इसलिए इसकी बाजार में अच्छी मांग रहती है। विशेषज्ञों के अनुसार यदि मौसम अनुकूल रहा तो इस क्षेत्र में इस वर्ष 5 हजार से 7 हजार मीट्रिक टन तक आम उत्पादन होने की संभावना है।

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।