Katihar News: जिले में 82 डिजिटल दस्तावेजों से 3.98 करोड़ का राजस्व
Katihar News: जिले में 82 डिजिटल दस्तावेजों से 3.98 करोड़ का राजस्व जिले में 82 डिजिटल दस्तावेजों से 3.98 करोड़ का राजस्वजिले में 82 डिजिटल दस्तावेजों से 3.98 करोड़ का

Katihar News: कटिहार, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। दस्तावेज नवीशों की हड़ताल के कारण जिले में जमीन रजिस्ट्री का काम प्रभावित जरूर हुआ, लेकिन इसी बीच पेपरलेस रजिस्ट्री व्यवस्था धीरे-धीरे लोगों के बीच अपनी जगह बना रही है। 17 अगस्त से जारी हड़ताल के दौरान भी जिले में बड़ी संख्या में लोगों ने डिजिटल माध्यम से रजिस्ट्री कराई। अगस्त माह में कटिहार जिले में कुल 82 पेपरलेस रजिस्ट्रियां हुईं, जिनसे 3 करोड़ 98 लाख 42 हजार 424 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। विभागीय अधिकारियों का मानना है कि आने वाले दिनों में यह संख्या और तेजी से बढ़ेगी। जिले के जिला निबंधन कार्यालय कटिहार तथा अवर निबंधन कार्यालय बारसोई में 31 अगस्त तक पेपरलेस रजिस्ट्री की सुविधा का लाभ लोगों ने उठाया। हालांकि 17 अगस्त से दस्तावेज नवीशों की हड़ताल के कारण सामान्य रजिस्ट्री का कार्य प्रभावित रहा, फिर भी ऑनलाइन व्यवस्था के कारण राजस्व संग्रह पूरी तरह नहीं थमा।
कटिहार सदर में सबसे अधिक राजस्व
आंकड़ों के अनुसार कटिहार सदर निबंधन कार्यालय में अगस्त के दौरान 43 पेपरलेस दस्तावेजों का निबंधन हुआ, वहीं पहली सितम्बर को सात लोगों ने अप्वाइंटमेंट कराया है। जिससे 3 करोड़ 87 लाख 74 हजार 695 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। वहीं बारसोई अवर निबंधन कार्यालय में 33 दस्तावेजों से 9 लाख 64 हजार 269 रुपये तथा अन्य मदों से 1 लाख 3 हजार 460 रुपये का राजस्व मिला। वहीं मनिहारी में 5 निबंधन हुआ है। इस प्रकार पूरे जिले में 82 पेपरलेस रजिस्ट्री से 3 करोड़ 98 लाख 42 हजार 424 रुपये का राजस्व सरकारी खजाने में जमा हुआ।
31 अगस्त को सबसे अधिक रही गतिविधि
महीने के अंतिम दिन 31 अगस्त को पेपरलेस रजिस्ट्री में सबसे अधिक गतिविधि देखने को मिली। इस दिन कटिहार सदर में 8 दस्तावेजों से 3 करोड़ 11 लाख 61 हजार 634 रुपये तथा बारसोई में 9 दस्तावेजों से 2 लाख 26 हजार 685 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। इससे स्पष्ट है कि लोग धीरे-धीरे डिजिटल प्रक्रिया पर भरोसा जता रहे हैं।
हड़ताल के बावजूद नहीं थमी व्यवस्था
17 अगस्त से दस्तावेज नवीशों के हड़ताल पर रहने से पारंपरिक रजिस्ट्री कार्य प्रभावित हुआ। इसके बावजूद विभाग ने पेपरलेस प्रणाली के माध्यम से लोगों को राहत देने का प्रयास किया। सोमवार को कटिहार सदर निबंधन कार्यालय में सात डीड के लिए ऑनलाइन अप्वाइंटमेंट भी बुक किए गए, जो इस व्यवस्था के प्रति बढ़ते विश्वास का संकेत है।
डिजिटल व्यवस्था से समय और परेशानी दोनों कम
पेपरलेस रजिस्ट्री व्यवस्था में दस्तावेजों की ऑनलाइन तैयारी, समयबद्ध अप्वाइंटमेंट और कम कागजी प्रक्रिया के कारण लोगों को बार-बार कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ते। इससे पारदर्शिता बढ़ने के साथ-साथ समय और खर्च दोनों की बचत हो रही है। विभाग का मानना है कि डिजिटल सेवाओं के विस्तार के साथ यह व्यवस्था भविष्य में सामान्य प्रक्रिया का प्रमुख हिस्सा बन जाएगी।
वर्जन
पेपरलेस रजिस्ट्री को लेकर आम लोगों में लगातार जागरूकता बढ़ रही है। लोग अब इस सुविधा का लाभ लेने आगे आ रहे हैं। आने वाले समय में पेपरलेस रजिस्ट्री की संख्या में और बढ़ोतरी होने की पूरी संभावना है। उन्होंने कहा कि विभाग का उद्देश्य रजिस्ट्री प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और सुविधाजनक बनाना है, ताकि लोगों को कम समय में बेहतर सेवा मिल सके।
हरिशंकर सुमन, अवर निबंधन पदाधिकारी, कटिहार


