
जरूरत पड़ी तो विरोध करेंगे, नीतीश मेरे राजनीतिक गुरु; ओवैसी के MLA मुर्शीद भी सीएम के मुरीद
ओवैसी की पार्टी AIMIM के विधायक मुर्शीद आलम ने दिल खोलकर नीतीश कुमार ने तारीफ की। उन्होने सीएम को अपना राजनीतिक गुरु बताया है। मुर्शीद ने कहा कि मैं दूसरे दल में जरूर हूं, लेकिन उनका एहसान को नहीं भूल सकता हूं। वे ही मुझे राजनीति में लाए।
असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM के विधायक मो. मुर्शीद आलम ने बिहार सीएम नीतीश कुमार की खुलकर तारीफ की है। उन्होने नीतीश को अपना राजनीतिक गुरू बताया है। उन्होने कहा कि बिहार में आगे बढ़ाने में उनका अहम योगदान रहा है। जोकीहाट से AIMIM के विधायक ने कहा कि मैं दूसरे दल में जरूर हूं, लेकिन नीतीश कुमार के एहसान को नहीं भूल सकता हूं। मैं एहसान फरामोश नहीं हूं. 2014 में मुझे नीतीश कुमार ने जेडीयू में शामिल कराया था। वही मुझे राजनीति में लाए थे। लेकिन अगर जरूरत पड़ी तो विरोध भी करूंगा।
मुर्शीद ने कहा कि अपने क्षेत्र की समस्या को लेकर मैंने आज सीएम नीतीश कुमार से मुलाकात की है। मुर्शीद आलम ने अपने नए आवास की समस्या को लेकर नाराजगी भी जताई। उन्होने मुख्यमंत्री के सामने दो मांगें रखी। एक जोकीहाट में दो नए महाविद्यालय और दूसरी जोकीहाट में एक अतिरिक्त ब्लॉक (अंचल) की स्वीकृति की मांग की।
आपको बता दें बिहार चुनाव में एनडीए की प्रचंड लहर के बावजूद ओवैसी की एआईएमआईएम के प्रत्याशी के तौर पर मुर्शीद आलम जोकीहाट से जीतने में सफल रहे। उन्होने जदयू के मंजर आलम को 28 हजार से ज्यादा वोटों से हराया। 2020 की तरह 2025 में भी ओवैसी की पार्टी के 5 विधायक बने हैं। जिसमें अमौर विधानसभा सीट से प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल ईमान, बायसी सीट से गुलाम सर्वर, कोचाधामन से सरवर आलम, बहादुरगंज से मोहम्मद तौसीफ और जोकीहाट से मुर्शीद आलम शामिल हैं।
2020 में ओवैसी की पार्टी की 5 में 4 विधायक पार्टी छोड़कर राजद में शामिल हो गए थे। एकमात्र विधायक अख्तरुल ईमान बचे थे। जो पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष भी हैं। ऐसे में AIMIM विधायक मुर्शीद आलम की ओर से सीएम नीतीश कुमार की तारीफ करना कई सियासी संभावनाओं को बल दे रहा है। जिसके सियासी मायने भी निकाले जा रहे हैं। 2025 के चुनाव में नीतीश कुमार की जेडीयू दूसरी बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। बीजेपी की 89 सीटों के बाद जदयू की 85 सीटें हैं।





