जैव विविधता पार्क निर्माण के लिए गंगा किनारे 50 एकड़ भूमि की खोज शुरू

Mar 09, 2026 03:30 am ISTNewswrap हिन्दुस्तान, हाजीपुर
share

शहर व पूरे जिले में एकल उपयोग प्लास्टिक पर प्रतिबंध का कड़ाई से अनुपालन का हर व पूरे जिले में एकल उपयोग प्लास्टिक पर प्रतिबंध का कड़ाई से अनुपालन का निर्देश

जैव विविधता पार्क निर्माण के लिए गंगा किनारे 50 एकड़ भूमि की खोज शुरू

शहर व पूरे जिले में एकल उपयोग प्लास्टिक पर प्रतिबंध का कड़ाई से अनुपालन का निर्देश पर्यावरण संरक्षण एवं कचरा प्रबंधन को लेकर जिला पर्यावरण समिति-आर्द्रभूमि समिति की बैठक आयोजित जिले के सुल्तानपुर में आर्द्रभूमि का चयन, कुल 84.52 एकड़ क्षेत्रफल चिह्नित किया हाजीपुर। निज संवाददाता जिला प्रशासन जिले जैव विविधता पार्क के विकास हेतु गंगा नदी के किनारे 50 एकड़ भूमि की खोज शुरु कर दी है। डीएम वर्षा सिंह ने एनजीटी के आदेश के आलोक में भूमि उपलब्ध कराने के लिए एनएचएआई,महनार एवं सोनपुर रोड हाजीपुर क्षेत्र का निरीक्षण कराने का भी निर्देश दिया है। वन प्रमंडल पदाधिकारी द्वारा बताया गया कि एनएमसीजी परियोजना के अंतर्गत उच्च प्राथमिकता वाले आर्द्रभूमि के रूप में वैशाली जिले में सुल्तानपुर आर्द्रभूमि का चयन किया गया है।

इसके संरक्षण हेतु सर्वेक्षण कार्य क्षेत्र जिसमें कुल 84.52 एकड़ क्षेत्रफल चिह्नित किया गया है। जिलाधिकारी ने जिले के हसनपुर आर्द्रभूमि के संरक्षण एवं अधिसूचना की प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने हेतु संबंधित विभाग आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। रविवार को समाहरणालय स्थित डीएम वर्षा सिंह की अध्यक्षता में जिला पर्यावरण समिति एवं आर्द्रभूमि समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में एकल उपयोग प्लास्टिक पर प्रतिबंध, कचरा प्रबंधन, वायु प्रदूषण नियंत्रण तथा आर्द्रभूमि संरक्षण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में वन प्रमंडल पदाधिकारी, अपर समाहर्ता, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, जिला योजना पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता (जल संसाधन एवं बाढ़ नियंत्रण), नगर परिषद हाजीपुर, लालगंज एवं महनार के कार्यपालक पदाधिकारी तथा बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद के क्षेत्रीय पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने एकल उपयोग प्लास्टिक के प्रयोग पर पूर्ण प्रतिबंध को प्रभावी रूप से लागू कराने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी कार्यपालक पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्राधिकार में दुकानों एवं प्रतिष्ठानों की नियमित जांच कर निषिद्ध प्लास्टिक के उपयोग पर सख्ती से कार्रवाई करने तथा आवश्यकतानुसार आर्थिक दंड लगाने का निर्देश दिया। वन प्रमंडल पदाधिकारी द्वारा बताया गया कि फरवरी 2026 में जिले का एयर क्वालिटी इंडेक्स 176 दर्ज किया गया, जो मध्यम श्रेणी में है। पिछले दो वर्षों की तुलना में बेहतर स्थिति को दर्शाता है। वर्ष 2025 में यह 244 तथा वर्ष 2024 में 188 था। उन्होंने बताया कि वायु प्रदूषण के प्रमुख कारणों में खुले में कचरा जलाना तथा वाहनों से निकलने वाला धुआं शामिल है। जिलाधिकारी ने नगर परिषद एवं नगर पंचायतों के कार्यपालक पदाधिकारियों को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिले में गीले एवं सूखे कचरे का अलग-अलग संग्रहण एवं वैज्ञानिक निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा खुले में कचरा जलाने पर सख्ती से रोक लगाई जाए। हाजीपुर-07-रविवार को समाहरणालय स्थित डीएम वर्षा सिंह के कार्यालय कक्ष जिला पर्यावरण समिति एवं आर्द्रभूमि समिति की बैठक में डीएम के साथ शामिल अन्य पदाधिकारी

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।