फुलवरिया में तेज प्रताप का देसी अंदाज,जूस पीकर और साइकिल चलाकर लिया आनंद
तेज प्रताप यादव मंगलवार की रात अपने पैतृक गांव फुलवरिया पहुंचे। ग्रामीणों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने गांव के मुद्दों पर चर्चा की और गलियों में भ्रमण किया। पूजा-अर्चना के बाद गन्ने का जूस चखा और मीडिया से बातचीत में गांव के मजे का जिक्र किया।

फुलवरिया। राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव के बड़े पुत्र व जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव मंगलवार की देर रात अपने पैतृक गांव फुलवरिया पहुंचे। गांव पहुंचने पर ग्रामीण युवाओं और समर्थकों ने गर्मजोशी के साथ उनका स्वागत किया। तेज प्रताप यादव बुधवार की सुबह अपने आवास पहुंचे ओर कार्यकर्ताओं और ग्रामीण युवाओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा भी की। तेज प्रताप पूरे समय देहाती अंदाज में नजर आए।
ग्रामीणों के साथ मुलाकात
उन्होंने गांव की गलियों में पैदल और साइकिल से भ्रमण किया व ग्रामीणों से आत्मीयता के साथ मुलाकात की। भ्रमण के दौरान उन्होंने फुलवरिया स्थित पंच मंदिर और रजिस्ट्री कचहरी परिसर के समीप स्थापित मां दुर्गा मंदिर में पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया। इसी दौरान रजिस्ट्री कचहरी के पास गन्ने का जूस देखकर वे अपने साथियों के साथ वहां पहुंचे और गन्ना जूस का स्वाद चखा।
मीडिया से बातचीत
बाद में वे ग्रामीण सड़क मार्ग से हड़ही तालाब के पास पहुंचे, जहां दूर-दराज से पहुंचे मीडियाकर्मियों के साथ तस्वीरें और रील साझा कीं। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि गांव का मजा कुछ और ही है। मौके पर पटना और यूपी से आए उनके समर्थकों के अलावा लालू प्रसाद यादव के भतीजे नीतीश कुमार यादव, रामानंद यादव समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और स्थानीय युवक मौजूद थे। (रिपोर्ट-त्रिलोकी नाथ दुबे)
सामान्य प्रश्न
लेखक के बारे में
Manish Kumarशॉर्ट बायो: मनीष कुमार पिछले 18 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। जनवरी, 2025 से दैनिक ‘हिन्दुस्तान’ में गोपालगंज जिला ब्यूरो की टीम से जुड़े हैं।
परिचय एवं अनुभव
ग्राउंड रिपोर्टिंग, खोजी पत्रकारिता और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों पर स्टोरी करते रहे हैं। करीब 18 वर्षों के कॅरियर में हरिभूमि, अमर उजाला, प्रभात खबर और दैनिक भास्कर जैसे समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं। लगभग तीन माह तक एक न्यूज चैनल में भी कार्य। वर्तमान में ‘बोले गोपालगंज’ की रिपोर्टिंग की जिम्मेवारी है। मनीष को डिजिटल पत्रकारिता का भी अनुभव है।
करियर का सफर
कॅरियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की, जहां जमीनी मुद्दों, सामाजिक समस्याओं और प्रशासनिक गतिविधियों पर प्रभावशाली रिपोर्टिंग की। करीब ढाई साल की रिपोर्टिंग के बाद लगातार 15 साल तक डेस्क पर काम किया। अगस्त 2021 तक दैनिक भास्कर, पटना में रहे। इसके बाद “इनसाइड न्यूज” नाम से अपना यूट्यूब न्यूज चैनल शुरू किया। यह चैनल मात्र पांच महीने में मोनेटाइज हो गया, जो कंटेंट स्ट्रेटजी और डिजिटल समझ को दर्शाता है। जनवरी 2025 से दैनिक हिन्दुस्तान के साथ जुड़कर गोपालगंज में सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) से स्नातक की शिक्षा प्राप्त करने के बाद प्रिंट जर्नलिज्म इन हिन्दी में पोस्ट ग्रेजुएट इन डिप्लोमा के बाद मास्टर इन मास कम्युनिकेशन की डिग्री प्राप्त की।
शिक्षा एवं प्रशिक्षण में योगदान
पत्रकारिता के साथ-साथ विशेष रुचि शिक्षा के क्षेत्र में रही है। अबेकस, वैदिक मैथ, फोनिक्स के टीचर ट्रेनर के रूप में कार्य किया है। इसके अलावा DMIT (Dermatoglyphics Multiple Intelligence Test) की सहायता से कॅरियर काउंसिलिंग करते हैं। मशरूम पालन और हाईड्रोपोनिक्स विधि से खेती की तकनीक भी सीखी है। हर साल कुछ न कुछ नया सीखना इनकी हॉबी है। फिलहाल निमोनिक्स साइंस की ट्रेनिंग ले रहे हैं।
पत्रकारिता दृष्टिकोण और विजन
पत्रकारिता का मूल उद्देश्य समाज को तथ्यपरक, निष्पक्ष और प्रमाणिक जानकारी उपलब्ध कराना है। रिपोर्टिंग शैली जमीनी हकीकत, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय समस्याओं को प्रमुखता देने पर आधारित है। गोपालगंज में रहते हुए जनसरोकार से जुड़े विषयों पर गंभीर और जिम्मेदार पत्रकारिता करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। बोले गोपालगंज की टीम का नेतृत्व करते हुए कई सामाजिक एवं स्थानीय समस्याओं का निदान कराया है।
विशेषज्ञता
ग्रामीण एवं जिला स्तरीय रिपोर्टिंग
सामाजिक एवं प्रशासनिक मुद्दे
खोजी पत्रकारिता
शिक्षा एवं कॅरियर मार्गदर्शन
डिजिटल मीडिया और यूट्यूब न्यूज प्लेटफॉर्म संचालन
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


