
गतिरोध: जिले के 13 पंचायत सरकार भवनों का निर्माण लटका
- जमीन विवाद, न्यायालय वाद, जमाबंदी रद्दीकरण,स्थानीय विरोध और एनओसी अप्राप्त होने से निर्माण कार्य है बाधित
गोपालगंज, हिन्दुस्तान संवाददाता। जिले के विभिन्न प्रखंडों में विभागीय स्तर से चयन होने के बावजूद कुल 13 पंचायत सरकार भवनों का निर्माण कार्य लटका हुआ है। मुख्य रूप से जमीन विवाद, न्यायालय वाद, जमाबंदी रद्दीकरण,स्थानीय विरोध और एनओसी अप्राप्त होने से यह समस्या है। इस संबंध में सूबे के पंचायती राज विभाग के मंत्री दीपक प्रकाश ने विवादों को समाप्त कराकर भवन निर्माण कराने को लेकर निर्देश दिए हैं। जिला पंचायती राज विभाग गोपालगंज की रिपोर्ट के अनुसार जिले की 230 पंचायतों में पंचायत सरकार भवन भवन बनने हैं। जिसमें से 75 पंचायत सरकार भवनों का निर्माण कार्य पूर्ण करा लिया गया है।
जबकि, 142 में निर्माण की प्रक्रिया जारी है, तीन का निर्माण कार्य अभी आवंटित नहीं है और 13 पंचायत सरकार भवनों का निर्माण कार्य तकनीकी कारणों से बाधित है। विभागीय रिपोर्ट के अनुसार एलएईओ को कुल 119 पंचायत सरकार भवन निर्माण कार्य आवंटित किया गया था। जिसमें से 56 भवन बनाए जा चुके हैं और 57 पंचायतों में निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया है। ग्राम पंचायतों को कुल 44 पंचायत सरकार भवन निर्माण कार्य आवंटित किया गया था। इसमें से 23 का निर्माण पूरा कर लिया गया और 13 का निर्माण कार्य लगभग अंतिम चरण में है। जबकि बीसीडी गोपालगंज को कुल 64 निर्माण कार्य आवंटित हैं, इसमें से छह पूरा किया गया और 39 में निर्माण कार्य चल रहा है। तीन पंचायतें ऐसी हैं जहां कार्य अभी तक किसी को आवंटित नहीं है। -------------------- इन पंचायतों में बाधित है निर्माण कार्य एलएईओ को आवंटित सात पंचायतों में अपरिहार्य कारणों से निर्माण कार्य बाधित है। जिसमें बैकुंठपुर की प्यारेपुर, बरौली की माधोपुर, रामपुर, सलेमपुर पूर्वी, फुलवरिया की पकौली बदो और उचकागांव प्रखंड की जमसड़ पंचायत में जमीन विवाद या न्यायालय वाद के कारण निर्माण कार्य बाधित है। वहीं, बीसीडी गोपालगंज को आवंटित 6 पंचायतों में भी निर्माण कार्य बाधित है। जिसमें बैकुंठपुर की रेवतिथ, बरौली की विशुनपुरा, नवादा , पिपरा व सरेयां नरेन्द्र और फुलवरिया की गणेश डूमर व मजिरवां कला पंचायतों में पंचायत भवनों का निर्माण कार्य लटका हुआ है।

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