मैट्रिक परीक्षा छूटी तो पटना के मसौढ़ी में छात्रा ने दी जान, देर से पहुंचने पर नहीं मिली थी एंट्री

Feb 18, 2026 07:23 am ISTNishant Nandan हिन्दुस्तान, पटना
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परिजनों ने बताया कि सड़क जाम के कारण कोमल बरनी स्थित मैट्रिक परीक्षा केंद्र पर कुछ बिलंब से पहुंची थी। इसके कारण उसे परीक्षा में प्रवेश नहीं करने दिया गया। वह घर लौटने बाद खूब रो रही थी। परिजनों ने उसे समझाया। इसके बाद परिवार के लोग अपने कार्य में लग गये।

मैट्रिक परीक्षा छूटी तो पटना के मसौढ़ी में छात्रा ने दी जान, देर से पहुंचने पर नहीं मिली थी एंट्री

बिहार में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच दसवीं बोर्ड की परीक्षा चल रही है। राज्य भर में बनाए गए परीक्षा केंद्रों पर देर से पहुंचने वाले परीक्षार्थियों को एंट्री नहीं दी जा रही है। इस बीच पटना के मसौढ़ी में मैट्रिक परीक्षा छूटने पर मंगलवार को छात्रा कोमल कुमारी ने ट्रेन से कटकर जान दे दी। घटना पटना-गया खंड पर तारेगना स्टेशन व छोटकी मसौढ़ी हॉल्ट के बीच महराजचक गांव की है। कोमल मसौढ़ी के खरजावां गांव के मंटू यादव की पुत्री थी।

पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिजनों ने बताया कि सड़क जाम के कारण कोमल बरनी स्थित मैट्रिक परीक्षा केंद्र पर कुछ बिलंब से पहुंची थी। इसके कारण उसे परीक्षा में प्रवेश नहीं करने दिया गया। वह घर लौटने बाद खूब रो रही थी। परिजनों ने उसे समझाया। इसके बाद परिवार के लोग अपने कार्य में लग गये। इसी बीच कोमल घर से बाहर निकली और पटना-गया रेलखंड पर महराजचक गांव के पास ट्रैक पर खड़ी हो गई।

ट्रेन से टकराने के बाद छात्रा रेलवे लाइन किनारे फेंका गई। सूचना पर पहुंची मसौढ़ी पुलिस ने छात्रा को अनुमंडल अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी मौत हो गई। पुलिस यूडी केस दर्ज कर मामले की जांच में जुटी है। बता दें कि बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (बिहार बोर्ड) की मैट्रिक वार्षिक परीक्षा-2026 मंगलवार से शुरू हो गई। परीक्षा 25 फरवरी तक पटना के 70 समेत राज्यभर के 1699 केंद्रों पर आयोजित होगी। परीक्षा में कुल 15 लाख 12 हजार 687 परीक्षार्थी शामिल होंगे।

राज्यभर के केंद्रों पर मंगलवार को परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। पहले दिन कई परीक्षार्थी निर्धारित समय से विलंब से केंद्रों पर पहुंचे। विलंब से पहुंचने वाले परीक्षार्थियों को केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं मिली। इस स्थिति में कुछ परीक्षार्थियों ने प्रवेश द्वार फांदकर केंद्र में प्रवेश करने का प्रयास किया। परीक्षा दो पालियों में आयोजित हुई। मंगलवार को दोनों पालियों में मातृभाषा विषय (हिंदी, बांग्ला, उर्दू और मैथिली) की परीक्षा हुई।

गेट पर ही उतरवाए जूते

बिहार बोर्ड के निर्देश के अनुसार केन्द्र में जूता - मोजा में प्रवेश वर्जित था। ऐसे में जो परीक्षार्थी जूता- मोजा में केन्द्र पर आए, उन्हें गेट के बाहर ही जूता-मोजा उतरवा दिया गया और तब उन्हें प्रवेश की अनुमति मिली। परीक्षार्थियों की दो स्तरों पर तलाशी ली गई।

आज दोनों पाली में गणित विषय की परीक्षा

बुधवार को दोनों पाली में गणित विषय की परीक्षा होगी। पहली पाली की परीक्षा 9:30 बजे से 12:45 बजे तक और दूसरी पाली की परीक्षा 2 बजे से 5:15 बजे तक चलेगी। नेत्रहीन परीक्षार्थियों के लिए गणित के बदले गृह विज्ञान विषय की परीक्षा प्रथम पाली में आयोजित होगी।

भोजपुर जिले से सबसे अधिक फर्जी परीक्षार्थी धराये

पहले दिन कदाचार में शामिल चार जिलों से कुल पांच परीक्षार्थियों को निष्कासित किया गया। वहीं छह जिलों से दूसरे के बदले परीक्षा देते कुल नौ फर्जी परीक्षार्थियों को पकड़ा गया। जानकारी के अनुसार कदाचार में शामिल परीक्षार्थियों में गोपालगंज से दो और नवादा, मधेपुरा व अररिया से एक-एक परीक्षार्थी निष्कासित हुए। जबकि फर्जी परीक्षार्थियों में भोजपुर जिले से सबसे अधिक चार और रोहतास, अररिया, सारण, सिवान व सहरसा जिलों से एक-एक फर्जी परीक्षार्थी पकड़ा गया।

Nishant Nandan

लेखक के बारे में

Nishant Nandan
एक दशक से पत्रकारिता के क्षेत्र में सेवाएं दे रहे निशांत नंदन डिजिटल पत्रकारिता में आने से पहले इलेक्ट्रॉनिक/प्रसारण मीडिया में लंबे समय तक काम कर चुके हैं। निशांत ने अपने करियर की शुरुआत ETV बिहार से की थी। इसके बाद वो मौर्य न्यूज, आर्यन न्यूज, न्यूज वर्ल्ड इंडिया जैसे संस्थानों में अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। साल 2018 में इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप के साथ डिजिटल पत्रकारिता का सफर शुरू करने के बाद निशांत साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े। निशांत मूल रूप से बिहार के भोजपुर जिले के रहने वाले हैं। आरा में शुरुआती शिक्षा के बाद इन्होंने नालंदा मुक्त विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई की है। और पढ़ें
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