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गया जी शहर में जाम बना सबसे बड़ी चुनौती

गया जी शहर में जाम बना सबसे बड़ी चुनौती

संक्षेप:

-मुख्य सड़कों पर घंटों फंसे रहते हैं लोग -सड़क पर अतिक्रमण और प्रशासन की उदासीनता

Nov 20, 2025 07:27 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, गया
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गया जी शहर इन दिनों जाम की समस्या से जूझ रहा है। जीबी रोड, टावर चौक, गोदाम रोड, रमना रोड, चांदचौरा, मेडिकल मोड़ और रेलवे स्टेशन आसपास का क्षेत्र रोजाना घंटों जाम की चपेट में रहता है। स्थिति इतनी बदतर हो चुकी है कि कार्यालय जाने वाले कर्मचारी, छात्रों, मरीजों और आम लोगों को रोजाना भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। शहर में वन-वे सिस्टम का पालन बिल्कुल नहीं हो रहा है। कई जगह वाहन चालक मनमाने ढंग से उल्टी दिशा में वाहन चलाते हैं, जिससे ट्रैफिक व्यवस्था और भी बिगड़ जाती है। सड़क अतिक्रमण ने समस्या को और गंभीर बना दिया है।

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दुकानों के आगे अवैध पार्किंग, फुटपाथ पर कब्जा और ऑटो व ई रिक्शा का सड़क पर बेतरतीव पार्किंग जाम होने की सबसे बड़ी समस्या है। रिक्शा चालकों की मनमानी और बेतरतीव ढंग चलने की वजह से जाम आम बन गई है। बीच रोड पर ई रिक्शा लगाकर सवारी का इंतजार करने से हर घंटे जाम लग रही है। कोतवाली थाना के पास चौक पर एक साथ रोड पर दर्जनों ई -रिक्शा खड़ा रहने के कारण गंभीर स्थिति है। चौक पर तैनात पुलिस कर्मी भी टोटो पर लगाम लगाने में नाकाम हैं। बाईपास मोड पर भी बेतरतीव ऑटो पार्किंग से दिन भर में कई बार जाम लग रहा है। ट्रैफिक पुलिस के पास सीमित संसाधन होने के बावजूद व्यवस्था को संभालने की कोशिश की जा रही है। गयाजी में ट्रैफिक व्यवस्था के लिए एक डीएसपी, एक थानेदार, छह पदाधिकारी और करीब 100 बल रहते हैं। इसके बावजूद शहर का दबाव इतना ज्यादा है कि जाम की समस्या खत्म नहीं हो पा रही। ट्रैफिक पुलिस ने शहरवासियों से अपील की है कि वन-वे सिस्टम का पालन करें और नियमों का सम्मान करें। कोट चुनाव के समय थोड़ा ट्रैफिक प्रबंधन प्रभावित हुआ। लेकिन, अब व्यवस्थित हो रहा है। स्कूल की छुट्टी के समय शहर में लगभग 350 स्कूली बसें प्रवेश करती हैं। इस दौरान लोग संयम नहीं रखते और ओवरटेक व गलत लेन में चलकर स्थिति को और खराब कर देते हैं। इस समस्या से निकलने के लिए नागरिकों की सहभागिता जरूरी है। -सुधीर कुमार, डीएसपी ट्रैफिक, गया जी