Hindi NewsBihar NewsGaya NewsTraditional Lohri Festival Celebrated at Gurudwara with Joyful Dances and Community Spirit
लोहड़ी : भांगड़ा और गीघा नृत्य से बांधा समां

लोहड़ी : भांगड़ा और गीघा नृत्य से बांधा समां

संक्षेप:

लोहड़ी : भांगड़ा और गीघा नृत्य से बांधा समां लोहड़ी : भांगड़ा और गीघा नृत्य से बांधा समां

Jan 13, 2026 08:35 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, गया
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शहर के स्टेशन रोड स्थित गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा में मंगलवार की शाम परंपरागत तरीके से लोहड़ी का त्योहार मनाया गया। सबसे पहले अरदास में लोगों ने सुख-शांति और उन्नती की कामना की। उत्सवी माहौल में गर्मजोशी के साथ समाज के लोगों ने एक-दूसरे को त्योहार की बधाई दी। देर शाम अलाव में मूंगफली, रेवड़ी और तिल को डालकर जलाया। खुशी के मौके पर पुरुषों ने भांगड़ा किया तो महिलाएं ने गीघा नृत्य पेशकर समां बांध दिया। जलते आग के चारों और डांस करते हुए महिला व पुरुषों ने फिर आ गई भंगड़े दी वारी, लोहड़ी मनाने दी करो तैयारी, अग्ग दे कोल सारे आओ, सुंदरिया मुंदरिया जोर नाल गाओ, लोहड़ी दि आप नु ते आप दे परिवार नु लख लख बधाईयां.. आदि गीत गाए।

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गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष सरब सिंह व कानूनी सलाहकार परमजीत सिंह बग्गा ने बताया कि लोहड़ी का दिन पंजाबी किसानों के लिए बेहद खास होता है। इसके अगले दिन से नए साल की शुरुआत होती है। नई फसल की पूजा होती है। गन्ने की फसल काटी जाती है और नए गुड़ का प्रयोग त्योहार में किया जाता है। पंजाबी व सिख लोग जश्न मनाते हैं। इसे सर्दी के मौसम की विदाई के रूप में मनाया जाता है। उत्तर भारत में यह त्योहार नई शादी और बच्चे के जन्म की पहली खुशी के रूप में भी मनाया जाता है। इसी खुशी को लेकर मंगलवार की शाम में गुरुद्वारे में लोगों ने सभी पंरपराओं और जश्न के साथ लोहड़ी का त्योहार मनाया। इस मौके पर कमेटी के सचिव मनजीत सिंह गांधी, कोषाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह प्रिंस, कुलवंत सिंह, जसवंत सिंह, गुरतेज सिंह, स्त्री सत्संग की अध्यक्ष कमलजीत कौर, पिंकी कौर, सोनिया छाबड़ा, शीतल गांधी व सतनाम कौर सहित भारी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए।