
बिहार में रोज 10 घरों की बत्ती होगी गुल, बिजली बिल नहीं भरने वालों से निपटने का खास प्लान
दैनिक पारिश्रमिक पर रखे जाने वालों की सेवा मार्च 2026 तक ली जाएगी। इन्हें ई-वैलेट के साथ हर दिन 30 बड़े बकाएदारों के यहां जाना होगा। रोज 20 हजार की वसूली करनी होगी। जिनका बकाया 25 हजार से अधिक है और वे सक्षम होने पर भी एरियर नहीं दे रहे हैं, रोज ऐसे 10 उपभोक्ताओं की बिजली कटी जाएगी।
बिल बकाया रखने वाले उपभोक्ताओं की बिजली गुल होगी। बिहार में ऐसे लाखों उपभोक्ता हैं जो मौजूदा वित्तीय वर्ष में अब तक एक भी पैसे का भुगतान नहीं किया है। खासकर नि:शुल्क बिजली के कारण पहले का बकाया लोग जमा नहीं कर रहे हैं। बिजली कंपनी ने बकाया वसूली के लिए विशेष रणनीति बनाई है। कंपनी ने चार महीने के लिए हर प्रशाखा में तीन-तीन लोगों की सेवा लेने का निर्णय लिया है। इसके तहत ढाई हजार लोगों की सेवा ली जाएगी।
कंपनी ने अभियंताओं को कहा है कि एक दिसम्बर से 31 मार्च 2026 तक चार महीने के लिए इनकी सेवा लें। बदले में इन्हें हर महीने 15 हजार मानदेय दिया जाएगा। साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के महाप्रबंधक (राजस्व) अरविन्द कुमार ने सभी अधीक्षण अभियंता, कार्यपालक अभियंता, सहायक अभियंता और कनीय अभियंताओं को पत्र भेजा है। कंपनी ने कहा है कि वित्तीय वर्ष 2025-26 को समाप्त होने में मात्र चार माह बचे हैं। घरेलू उपभोक्ताओं को सवा सौ यूनिट बिजली फ्री दी जा रही है।
इस कारण लाखों उपभोक्ताओं का बिजली बिल शून्य हो गया है। लेकिन ऐसे उपभोक्ता पहले का बकाया भुगतान नहीं कर रहे हैं। जबकि, ऐसे उपभोक्ताओं के एरियर पर डेढ़ फीसदी ब्याज भी लग रहा है। इसलिए शत-प्रतिशत बिल वसूली और राजस्व संग्रहण के लिए वैसे विद्युत आपूर्ति प्रशाखा जहां अतिरिक्त मानव बल की आवश्यकता है, वहां तीन लोगों को दैनिक पारिश्रमिक के आधार पर रखा जा सकता है।
हर रोज 30 बड़े बकाएदारों के यहां धावा
दैनिक पारिश्रमिक पर रखे जाने वालों की सेवा मार्च 2026 तक ली जाएगी। इन्हें ई-वैलेट के साथ हर दिन 30 बड़े बकाएदारों के यहां जाना होगा। रोज 20 हजार की वसूली करनी होगी। जिनका बकाया 25 हजार से अधिक है और वे सक्षम होने पर भी एरियर नहीं दे रहे हैं, रोज ऐसे 10 उपभोक्ताओं की बिजली कटी जाएगी।





