फुल ऐक्शन में CM नीतीश; SY-3 पर सुपौल में 5 साल का ब्लूप्रिंट बताया, 32 मिनट तक किया संवाद
नीतीश कुमार ने 32 मिनट तक लोगों से संवाद किया। कहा कि अगले पांच साल में बिहार के एक करोड़ युवाओं को रोजगार मिलेगा। इसके लिए वृहत स्तर पर राज्य सरकार ने रणनीति तैयार की है।

Nitish Kumar in Action: समृद्धि यात्रा के तीसरे चरण में सीएम नीतीश कुमार सुपौल में फुल ऐक्शन में दिखे। उन्होंने 32 मिनट तक लोगों से संवाद किया। कहा कि अगले पांच साल में बिहार के एक करोड़ युवाओं को रोजगार मिलेगा। इसके लिए वृहत स्तर पर राज्य सरकार ने रणनीति तैयार की है। जिस बिहार में लोग शाम ढलते घरों में दुबक जाते थे, अब वह विकास और समृद्धि की राह पर आगे बढ़ चला है। केंद्र सरकार भी बिहार की बढ़-चढ़कर मदद की है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने तीसरे चरण की समृद्धि यात्रा की सुपौल जिले के निर्मली अनुमंडल मैदान स्थित सभा स्थल पर लोगों को संबोधि किया। सीएम ने कहा कि बिहार सरकार ने युवाओं को रोजगार मुहैया कराने के लिए विस्तृत रोडमैप बनाया है। इसी सोच के तहत काम भी हो रहा है। अगले पांच साल में बिहार वासियों के पलायन को रोकने के लिए बड़े पैमाने पर काम किया जाएगा। इसके लिए बिहार में ही उद्योग-धंधे स्थापित किए जाएंगे, जहां युवाओं को रोजगार मिलेगा। उन्हें दूसरे प्रदेश नहीं जाना पड़ेगा।
इससे पूर्व मुख्यमंत्री ने सुपौल जिले के निर्मली प्रखंड स्थित निर्मली रिंग बांध के जीर्णोद्धार कार्य का निरीक्षण किया। इसके बाद वह सीधे निर्मली अनुमंडल कार्यालय के सामने निर्मित विभिन्न स्टॉलों पर पहुंचे और उनका निरीक्षण किया। इस क्रम में उन्होंने 569 करोड़ की 129 योजनाओं का उद्घाटन और 84 योजनाओं का शिलान्यास किया। इस मौके पर ऊर्जा व वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, बिजय चौधरी, निर्मली विधायक अनिरुद्ध प्रसाद यादव, पिपरा रामविलास कामत, त्रिवेणीगंज सोनम रानी सरदार, विधायक सतीश कुमार साह, जदयू जिला अध्यक्ष राजेन्द्र प्रसाद यादव, भाजपा जिला अध्यक्ष नरेन्द्र ऋषिदेव, सीताराम चौधरी, जगन्नाथ कामत, निशांत बोथरा, देवनारायण साह, लोजपा जिला अध्यक्ष गौतम शेखर समेत अन्य मौजूद रहे।
45000 नए पदों पर बीपीएससी से शिक्षक बहाली जल्द
सभा स्थल पर लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि साल 2005 से पहले बिहार के लोग शाम होने के बाद घरों से निकलते नहीं थे। डर के मारे घर में ही रहते थे। लेकिन 24 नवंबर 2005 से हमारी एनडीए की सरकार बनने के बाद जब से हमने काम शुरू किया बिहार में सुख-शांति और समृद्धि लौटी। हिंदु-मुसलमानों का झगड़ा खत्म हुआ। हमारी सरकार ने कब्रिस्तान की घेराबंदी की। नए स्कूल स्थापित किये। नियोजित शिक्षकों की बहाली की। साल 2023 तक प्रदेश में कुल 3.58 लाख शिक्षकों की बहाली हुई थी। इसके बाद फिर से बीपीएससी के माध्यम से 2.58 लाख शिक्षकों की बहाली हुई। जबकि पूर्व के नियोजित शिक्षकों को सक्षमता परीक्षा के माध्यम से राज्यकर्मी और विशिष्ट शिक्षक का दर्जा दिया। अभी तक कुल चार सक्षमता परीक्षाओं में 2.66 लाख नियोजित शिक्षक सफल हो चुके हैं। जबकि एक और सक्षमता परीक्षा अभी बाकी है। सीएम ने कहा कि हमारी सरकार जल्द ही प्रदेश में शिक्षकों के 45000 नए पदों पर भी बीपीएससी के माध्यम से बहाली करेगी।
21 जिलों में भी मेडिकल कॉलेज जल्द
स्वास्थ्य सेवाओं की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 2005 तक स्वास्थ्य सेवा की हालत बदतर थी। हर माह औसतन महज 39 मरीजों का ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में इलाज हो पाता था। वर्तमान में प्रदेश के पीएचसी में औसतन हर माह करीब 11,600 मरीजों का इलाज हो रहा है। पूर्व में छह मेडिकल कॉलेज थे बिहार में, वर्तमान में इसकी संख्या 12 है। जबकि अन्य 21 जिलों में भी जल्द ही मेडिकल कॉलेज की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि पटना मेडिकल कॉलेज में 5400 बेड की सुविधा है, जबकि अन्य मेडिकल कॉलेज में भी 2500 बेड की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। वहीं पटना स्थित आईजीआईएमएस में तीन हजार बेड की सुविधा उपलब्ध है। सीएम ने कहा कि हमारी सरकार ने प्रदेश में सड़कों का जाल बिछा दिया है। हमने साल 2016 से ही यह लक्ष्य तय किया कि बिहार के किसी भी जिले से पांच से छह घंटे में ही राजधानी पटना तक पहुंचा जा सके। सीएम ने आगे कहा कि अब प्रदेश में सरकारी डॉक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगेगी। अगले पांच सालों में बिहार को और आगे ले जाएंगे। इसमें केंद्र सरकार का भी भरपूर सहयोग मिल रहा है।
सभी पंचायत में सुधा दूध बिक्री केंद्र खुलेगा
सुपौल जिले में औद्योगिक विकास को लेकर उद्योग स्थापित किये जाएंगे। इसके तहत जिले के 235 गांवों में दूध उत्पादन समिति का भी गठन किया गया है। जिले की सभी 174 पंचायतों में सुधा दूध बिक्री केंद्र खुलेंगे। सभी 11 प्रखंड में आदर्श विद्यालय और डिग्री कॉलेज भी खुलेंगे। इसके अलावा सभी 11 सीएचसी को विशिष्ट, जबकि सदर अस्पताल को अति विशिष्ट अस्पताल का दर्जा मिलेगा। युवाओं के भविष्य को देखते हुए जिले में खेल के विकास के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना की जाएगी। सभी सरकारी सुविधाएं लोगों को मुहैया कराई जाएंगी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि साल 2006 में हमारी सरकार ने विश्व बैंक से कर्ज लेकर जीविका स्वयं सहायता समूह की स्थापना की। इसके माध्यम से महिलाओं को सशक्त बनाने का काम लगातार चल रहा है। पूरे प्रदेश में वर्तमान में एक करोड़ 61 लाख जीविका दीदियां हैं, जो समूह से जुड़कर खुद का व्यवसाय कर सशक्त हो रही हैं। उन्होंने कहा कि हमने पेंशन की राशि को चार सौ रुपये से बढ़ाकर 1100 रुपये प्रतिमाह कर दिया। इससे प्रदेश के एक करोड़ 14 लाख लोगों को फायदा हो रहा है। इनमें सवर्ण, दलित-महादलित, पिछड़ा-अतिपिछड़ा सभी वर्ग के गरीब लोग शामिल हैं।
सुपौलवासियों को कई सौगात मिली
सुपौल जिले की बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सुपौल जिले को इंजीनियरिंग कॉलेज, पॉलिटेक्निक कॉलेज, महिला आईटीआई, 605 करोड़ की लागत से बन रहे लोहिया मेडिकल कॉलेज अस्पताल, कर्पूरी छात्रावास आदि सबकुछ मिला। उन्होंने कहा कि जिले में दो बाईपास, निर्मली रिंग बांध का जीर्णोद्धार, सुपौल स्टेडियम का जीर्णोद्धार, सिमराही में फ्लाईओवर, सुरसर नदी तट की मरम्मत, वीरपुर में निबंधन कार्यालय तथा तिल्हेश्वरनाथ महादेव मंदिर का सौंदर्यीकरण का कार्य की भी स्वीकृति दी जा चुकी है।
लेखक के बारे में
Sudhir Kumarटीवी, प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में लगभग 18 साल का अनुभव रखने वाले सुधीर कुमार लाइव हिन्दुस्तान में अगस्त 2021 से बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर/को-ऑर्डिनेटर कार्यरत हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में हिन्दुस्तान दैनिक से इंटर्न के रूप में करियर की शुरुआत की। सुधीर ने लंबे समय तक ईटीवी/न्यूज18 में रिपोर्टर के रूप में बिहार और झारखंड में काम किया। दोनों राज्यों की राजनीति के साथ क्राइम, भूगोल और कल्चर की समझ रखते हैं। झारखंड में नक्सली वारदातों की कवरेज के साथ बिहार के चर्चित बालिकागृह कांड की पहली टीवी रिपोर्टिग कर गुनाहगारों का चेहरा उजागर किया। सुधीर ने स्थानीय से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक के मुद्दों को कवर किया है और ह्यूमैन रिलेशन्स पर भी लिखते हैं। साइंस बैकग्राउंड के विद्यार्थी सुधीर कुमार ने इंदिरा गांधी नैशनल ओपन यूनिवर्सिटी से पीजी डिप्लोमा किया है। डिजिटल कंटेंट क्रिएशन में खास रूचि रखते।
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