Buxar News: सड़क निर्माण को लेकर आज से भूख हड़ताल शुरू करेंगे
Buxar News: डुमरांव में स्वयं शक्ति संगठन का धरना तीन दिनों से जारी है। संगठन ने शहर की मुख्य सड़क एनएच-120 की जर्जरता और जलजमाव के खिलाफ भूख हड़ताल की घोषणा की है। सदस्यों का कहना है कि प्रशासन को समस्याओं का स्थायी समाधान करना होगा, नहीं तो आंदोलन जारी रहेगा।

Buxar News: पेज चार के लिए ------- जर्जर तीन दिनों से जारी है स्वयं शक्ति संगठन का धरना, समाधान तक संघर्ष खिलाड़ियों, युवाओं और सुबह टहलने वाले लोगों को परेशानी हो रही है फोटो संख्या- 03, कैप्सन- शनिवार को डुमरांव के राजगढ़ चौक पर जर्जर सड़क को लेकर धरना पर बैठे लोग।
धरने का कारण
डुमरांव, संवाद सूत्र। शहर की जर्जर मुख्य सड़क, जलजमाव, बदहाल यातायात व्यवस्था समेत अन्य मूलभूत समस्याओं को लेकर स्वयं शक्ति सामाजिक संगठन का आंदोलन अब और तेज होगा। राजगढ़ चौक पर तीन दिनों से जारी अनिश्चितकालीन धरने के बावजूद समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस पहल नहीं होने से संगठन के सदस्यों में नाराजगी बढ़ गई है। इसी क्रम में संगठन के सदस्य रविवार से भूख हड़ताल शुरू करेंगे। संगठन ने स्पष्ट किया है कि जब तक नगर की प्रमुख समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस कार्रवाई नहीं होगा तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
सड़क की स्थिति
संगठन के प्रमुख धीरज मिश्रा ने बताया कि संगठन के सदस्यों और स्थानीय लोगों ने शहर की मुख्य सड़क एनएच-120 की बदहाली को प्रमुख मुद्दा बनाया है। सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बने हैं। बारिश के बाद इन गड्ढों में पानी भर जाने से वाहन चालकों को सड़क की वास्तविक स्थिति का पता नहीं चलता। इससे आये दिन दुर्घटनाएं होती रहती है। मुख्य सड़क के जर्जर होने का असर शहर के कारोबार पर भी पड़ रहा है। बाहर से खरीदारी के लिए आने वाले लोग जाम और जर्जर सड़क के कारण शहर आने से परहेज करने लगे हैं।
अन्य समस्याएं
संगठन ने बाबा जंगलीनाथ महादेव मंदिर जाने वाली सड़क की जर्जरता को भी अपनी मांग पत्र में रखा है। श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को जलजमाव व कीचड़ के बीच आवागमन करना पड़ रहा है। वहीं, डुमरांव के इकलौते हाईस्कूल खेल मैदान में जलजमाव की समस्या के कारण खिलाड़ियों, युवाओं और सुबह टहलने वाले लोगों को परेशानी हो रही है। संगठन के सदस्य राजन तिवारी, डब्लू मिश्रा, पीयूष उपाध्याय, मनीष मिश्रा, आलोक तिवारी, धीरज कसेरा सहित अन्य का कहना है कि समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को धरातल पर काम शुरू करना होगा। रविवार से भूख हड़ताल शांतिपूर्ण तरीके से जारी रहेगी। (डुमरांव से अमरनाथ केशरी)


