
जीत-हार की चर्चा से चौक-चौराहे हो रहे गुलजार
बक्सर सदर विधानसभा सीट पर चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों की जीत-हार का अनुमान लगाने के लिए लोगों के बीच बहस का दौर जारी है। भाजपा, कांग्रेस और बसपा के बीच त्रिकोणीय संघर्ष की स्थिति बनी हुई है। 11 नवम्बर को दूसरे चरण के मतदान के बाद स्थानीय सरकार की चर्चा तेज होगी।
अनुमान जातीय समीकरण के आधार पर लोगों का दावा अलग-अलग चौक-चौराहों और बाजारों में सुबह से शाम तक बहस का दौर चौसा, एक संवाददाता। विधानसभा चुनाव के पहले चरण का मतदान सम्पन्न होने के बाद बक्सर सदर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों की जीत हार का अनुमान लगाने का सिलसिला लोगों के बीच शनिवार को भी जारी रहा। इन अनुमानों में भाजपा, कांग्रेस और बसपा उम्मीदवार की सबसे ज्यादा लोग करते हुए दिखाई दिए। लोगों का कहना है कि दो बार के विधायक मुन्ना तिवारी, भाजपा के आनन्द मिश्रा और बसपा के अभिमन्यु कुशवाहा के बीच त्रिकोणीय संघर्ष है।

ऐसे में स्पष्ट रूप से कहना मुश्किल है कि किस प्रत्याशी की जीत-हार होगी। क्षेत्रीय और जातीय समीकरण के आधार पर लोगों का दावा कुछ अलग-अलग हैं। इन दावों और प्रतिदावों के बीच लोगों के बीच स्थानीय नगर पंचायत सहित प्रखंड के अलग-अलग भागों में स्थित चौक-चौराहों और बाजारों में सुबह से शाम तक बहस का दौर लगातार जारी है। ऐसे में चौक-चौराहे खूब गुलजार है। आगामी 11 नवम्बर को दूसरे चरण में 122 विधानसभा सीटों के लिए मतदान सम्पन्न होने के बाद बक्सर सहित जिले की सभी चारों विधानसभा सीटों के लिए खड़े उम्मीदवारों की जीत-हार पर होने वाली बहस राज्य में आगामी बनने वाली सरकार पर केन्द्रित हो जाएगी। तब जिले की बक्सर, डुमरांव, ब्रह्मपुर और राजपुर (सुरक्षित) सीट पर दावेदारी पेश करने वाले विभिन्न दलों और गठबंधनों के उम्मीदवारों के साथ ही राज्य में बनने वाली सरकार पर चर्चा शुरू हो जाएगी। फिर कौन बनेगा मुख्यमंत्री। कौन विपक्ष की शोभा बढ़ाएगा। इसकी चर्चा आगामी 14 नवम्बर को होने वाली मतों को गिनती तक लगातार जारी रहेगी। इसमे शक की कोई गुंजाइश नहीं है। फिलहाल, पहले चरण के मतदान के दिन दिन बाद भी जिले के सभी भागों में राजनीतिक सरगर्मी तेज है।

लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




