बांकीपुर चुनाव को दिल्ली-बंगाल जैसा बताने लगी भाजपा, कहा- प्रशांत किशोर और तेजस्वी में साइलेंट अंडरस्टैंडिंग
बिहार की बांकीपुर सीट पर मतदान के एक दिन बाद भाजपा ने प्रेस वार्ता में जन सुराज और आरजेडी पर आरोप लगाते हुए दावा किया कि प्रशांत किशोर और तेजस्वी यादव के बीच इस उपचुनाव में साइलेंट अंडरस्टैंडिंग देखने को मिली।
बिहार की बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के नतीजों से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने सनसनीखेज दावा किया है। भाजपा ने आरोप लगाया कि बांकीपुर चुनाव में प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी और तेजस्वी यादव के राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के बीच साइलेंट अंडरस्टैंडिंग है। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय आलोक ने दावा किया कि आरजेडी के कार्यकर्ताओं ने अपने लोगों को बूथ पर दूसरे प्रत्याशी (प्रशांत किशोर) को वोट करने को कहा। उन्होंने इस चुनाव की तुलना दिल्ली और पश्चिम बंगाल के चुनावों से भी की। बांकीपुर में उपचुनाव के लिए गुरुवार को मतदान हुआ था, रिजल्ट 3 अगस्त को आएगा।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय आलोक ने शुक्रवार को पटना स्थित प्रदेश पार्टी कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह बात कही। उन्होंने कहा, "जिस तरह वामपंथियों ने वामपंथियों को हटाने के लिए कांग्रेस ने सारा वोट 2012 में ममता बनर्जी को शिफ्ट कर दिया था। दिल्ली के चुनाव में भी कांग्रेस ने भाजपा को हराने के लिए आम आदमी पार्टी को अपना वोट शिफ्ट किया। नतीजा हुआ कि कांग्रेस पिछले 15 साल से ना दिल्ली और ना ही बंगाल में है। उसी तरह का नजारा कल बांकीपुर में देखा गया।"
उन्होंने दावा किया कि बांकीपुर में मतदान के दौरान बूथ पर आरजेडी के पोलिंग एजेंट खुलेआम अपने लोगों से दूसरे प्रत्याशी को वोट डालने की बात कह रहे थे। भाजपा ने आरजेडी पर प्रशांत किशोर को वोट ट्रांसफर करने का आरोप लगाया।
तेजस्वी ने सिर्फ मोदी और सम्राट को घेरा- भाजपा
भाजपा प्रवक्ता ने आरजेडी के अध्यक्ष तेजस्वी यादव पर तंज कसते हुए कहा कि पूरे चुनाव में कथित युवराज गायब रहे और प्रचार के अंतिम दो दिन में अचानक अवतरित हो गए। उन्होंने एक बार भी पीके का नाम नहीं लिया, सिर्फ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर हमला बोलते रहे।
बांकीपुर के प्रचार में पीके ने तेजस्वी का नाम तक नहीं लिया- भाजपा
अजय आलोक ने प्रशांत किशोर पर भी निशाना साधते हुए कहा कि जब उन्होंने जन सुराज पदयात्रा शुरू की थी, तब वह खूब आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और उनके बेटे तेजस्वी को कोसते थे। मगर बांकीपुर चुनाव में उन्होंने आरजेडी का नाम ही नहीं लिया। उन्होंने कहा कि जो पार्टी राजनीतिक जमीन खोती है, तो उसका वजूद मिट जाता है। आरजेडी भी इस ओर अपने कदम बढ़ा रही है।
बांकीपुर में त्रिकोणीय मुकाबला
बता दें कि पटना शहर की बांकीपुर सीट पर 30 जुलाई को उपचुनाव के लिए वोट डाले गए। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के इस्तीफे से खाली हुई सीट पर इस बार त्रिकोणीय मुकाबला देखा गया। भाजपा ने नीरज कुमार सिन्हा को मैदान में उतारा, आरजेडी ने रेखा गुप्ता पर दांव लगाया, तो जन सुराज पार्टी से प्रशांत किशोर खुद मैदान रहे। कुल 25 उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हो चुकी है।
3 अगस्त को बांकीपुर उपचुनाव का रिजल्ट
बांकीपुर का अगला विधायक कौन होगा, यह 3 अगस्त को मतगणना के बाद साफ हो जाएगा। बांकीपुर उपचुनाव में 34.30 प्रतिशत मतदान ही हुआ, जो इस सीट पर अब तक की सबसे कम वोटिंग है।


