
अब बीजेपी ने पप्पू सिंह की उम्र पर सवाल उठाया, प्रशांत किशोर ने सम्राट की उम्र को बनाया है मुद्दा
बिहार बीजेपी के मीडिया प्रभारी दानिश इकबाल ने आरोप लगाया है कि जन सुराज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय सिंह उर्फ पप्पू ने चुनाव आयोग को अलग-अलग उम्र बताई है। उन्होंने बताया है कि 2004 लोक सभा के चुनाव में उदय सिंह ने अपनी उम्र 44 साल बताई थी।
बिहार में विधानसभा चुनावों को लेकर हलचल तेज है। राज्य में राजनीति को नेताओं के आरोप-प्रत्यारोप ने और भी गर्म कर रखा है। बिहार चुनाव में पहली बार अपनी किस्मत आजमा रही जन सुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर अपने बयानों से लगातार चर्चा में हैं। वो बिहार के कई बड़े राजीतिक चेहरों पर एक के बाद एक संगीन इल्जाम लगा रहे हैं। प्रशांत किशोर ने सोमवार को बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी के उम्र को लेकर मुद्दा बनाया था।
अब बीजेपी ने भी इसका जवाब दिया है। बिहार बीजेपी के मीडिया प्रभारी दानिश इकबाल ने आरोप लगाया है कि जन सुराज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय सिंह उर्फ पप्पू ने चुनाव आयोग को अलग-अलग उम्र बताई है। उन्होंने बताया है कि 2004 लोक सभा के चुनाव में उदय सिंह ने अपनी उम्र 44 साल बताई थी। पांच साल बाद 2009 में लोकसभा चुनाव में उन्होंने 57 साल अपनी उम्र बताई है।
सम्राट चौधरी को हत्या का आरोपी बताया
जनसुराज पार्टी के प्रमुख प्रशांत किशोर ने सोमवार को बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें छह हत्याओं का आरोपी बताया और नीतीश सरकार से उनकी बर्खास्तगी व गिरफ्तारी की मांग की। किशोर ने चेतावनी दी कि यदि कार्रवाई नहीं की गई तो वह राज्यपाल से मिलकर इस मामले को उठाएंगे। उन्होंने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘तारापुर में 1995 में छह लोगों की हत्या हुई थी, जो सभी कुशवाहा जाति के थे। यह बिहार में जातीय राजनीति करने वालों के लिए सबक होना चाहिए। सम्राट चौधरी कहते हैं कि मैं कुशवाहा हूं।” किशोर ने आरोप लगाया कि मगर छह लोगों की हत्या से जुड़ा तारापुर मामला संख्या 44/1995 में सम्राट चौधरी अभियुक्त हैं।
सम्राट चौधरी के उम्र पर उठाए सवाल
उन्होंने आरोप लगाया कि सम्राट चौधरी ने अदालत में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति का एडमिट कार्ड जमा किया था, जिसमें उनका नाम ‘सम्राट चंद्र मौर्य’, पिता का नाम ‘सकुनी चौधरी’ और जन्मतिथि 01-05-1981 दर्ज है।किशोर ने कहा, ‘‘उस हिसाब से 1995 में उनकी उम्र 14 साल थी और नाबालिग होने के कारण उन्हें राहत मिली।’’उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन यदि हम चौधरी का 2020 का हलफनामा देखें, तो उसमें उनकी उम्र 51 वर्ष बताई गई है। इसके हिसाब से 1995 में उनकी उम्र 20-25 साल के आसपास होनी चाहिए थी। यह तथ्य उन्हें अभियोजन के दायरे में लाता है।’’किशोर ने कहा कि यह ‘‘गंभीर आरोप’’ हैं।





