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प्रदूषण : लाइलाज बीमारी से निपटने की तैयारी शुरू

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प्रदूषण : लाइलाज बीमारी से निपटने की तैयारी शुरू
हिन्दुस्तान टीम,बिहारशरीफSat, 02 Dec 2023 10:45 PM
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खबर का असर:
प्रदूषण : लाइलाज बीमारी से निपटने की तैयारी शुरू

राजगीर में अभी भी 300 के करीब है एक्यूआई

राजगीर में सड़कों से धूल हटाने वाली मशीन खरीदने की तैयारी

बिहारशरीफ में निर्माणाधीन सड़कों पर हो रहा पानी का छिड़काव

फोटो:

प्रदूषण : बिहारशरीफ की सड़क पर उड़ती धूल।

बिहारशरीफ, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि।

प्रदूषण नाम की बीमारी लाइलाज हो गयी है। इससे निपटने की तैयारी तो हो रही है, पर यह नाकाफी है। राजगीर में अभी भी एक्यूआई 300 के आसपास है। यह आमलोगों की सेहत के लिए खतरनाक है। राजगीर के मुकाबले बिहारशरीफ की स्थिति थोड़ी बेहतर है। हालांकि, धूल-गर्दा से लोगों का सड़क पर चलना मुश्किल है।

राज्य सरकार ने इसे गंभीरता से लेते हुए सभी जिला प्रशासन को इससे निपटने के लिए प्रबंध करने का निर्देश दिया था। इसका थोड़ा बहुत असर दिख रहा है। राजगीर में सड़कों पर धूल हटाने वाली मशीन खरीदने की तैयारी हो रही है। बिहारशरीफ में निर्माणाधीन सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जा रहा है। अभी ठंड बहुत अधिक नहीं है। ठंड बढ़ने पर यह समस्या और विकराल हो सकती है।

सभी परेशान हैं इस समस्या से:

डॉ. राजीव रंजन कहते हैं कि प्रदूषण बढ़ने से सांस संबंधी बीमारियों व आंखों में जलन के मामले बढ़ गये हैं। उन्होंने धूल-गर्दा से बचने की सलाह दी है। व्यवसायी शैलेन्द्र कुमार कहते हैं कि इससे कारोबार पर असर पड़ रहा है। दुकान में रखे सामान धूल के कारण खराब हो रहे हैं। जिन स्थानों पर धूल-गर्दा अधिक है, वहां ग्राहक नहीं जाना चाहते हैं। नाला रोड में रहने वाले पैक्स अध्यक्ष सतीश कुमार कहते हैं कि खिड़की-दरवाजे बंद रखने के बाद भी धूल घरों में घुस जाता है। कई बार तो सांस लेना मुश्किल हो जाता है।

निर्माण कार्य में नियमों की अनदेखी:

जिले में प्रदूषण बढ़ने का मुख्य कारण है निर्माण कार्यों से निकलने वाली धूल। राजगीर में बालू लदे वाहन भी बड़े कारण है। इन वाहनों से बालू सड़क पर गिरकर जमा हो रहे हैं। बाद में यह वातावरण में फैलकर लोगों के लिए घातक बन रहे हैं। पुलिस की अनदेखी से बालू की अवैध ढुलाई लगातार जारी है। बिहारशरीफ में एनएच, फ्लाईओवर, नाला व सड़क निर्माण के कारण काफी मात्रा में धूल फैल रही है। नियम है कि ऐसे स्थानों पर नियमित रूप से दिन में कम से कम दो बार पानी का छिड़काव किया जाना चाहिए। इसकी भी अनदेखी हो रही है। इसके लिए पुलिस व यातायात विभाग ने मिलकर छापेमारी दल का गठन किया है। लगातार छापेमारी की जा रही है। राजगीर नगर परिषद के एग्जीक्यूटिव अफसर ने बताया कि प्रदूषण से निपटने के लिए अल्प, मध्यम व दीर्घकालीन योजनाएन बनायी गयी हैं।

एक्यूआई की मात्रा:

दिन बिहारशरीफ राजगीर

28 नवंबर 165 257

29 नवंबर 163 299

30 नवंबर 243 315

01 दिसंबर डाटा उपलब्ध नहीं डाटा उपलब्ध नहीं

02 दिसंबर 170 डाटा उपलब्ध नहीं

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