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नालंदा में सूखे कुएं में दम घुटने से किसान की मौत, दो बीमार

नालंदा में सूखे कुएं में दम घुटने से किसान की मौत, दो बीमार

1 / 3सिलाव प्रखंड व राजगीर थाना क्षेत्र के सिथौरा गांव में सूखे कुएं में दम घुटने से एक किसान की मौत हो गयी। दो अन्य बीमार हो गये हैं, उनका इलाज कराया गया है। ग्रामीणों की माने तो कुएं में गैस बन गया था...

नालंदा में सूखे कुएं में दम घुटने से किसान की मौत, दो बीमार

2 / 3सिलाव प्रखंड व राजगीर थाना क्षेत्र के सिथौरा गांव में सूखे कुएं में दम घुटने से एक किसान की मौत हो गयी। दो अन्य बीमार हो गये हैं, उनका इलाज कराया गया है। ग्रामीणों की माने तो कुएं में गैस बन गया था...

नालंदा में सूखे कुएं में दम घुटने से किसान की मौत, दो बीमार

3 / 3सिलाव प्रखंड व राजगीर थाना क्षेत्र के सिथौरा गांव में सूखे कुएं में दम घुटने से एक किसान की मौत हो गयी। दो अन्य बीमार हो गये हैं, उनका इलाज कराया गया है। ग्रामीणों की माने तो कुएं में गैस बन गया था...

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सिलाव प्रखंड व राजगीर थाना क्षेत्र के सिथौरा गांव में सूखे कुएं में दम घुटने से एक किसान की मौत हो गयी। दो अन्य बीमार हो गये हैं, उनका इलाज कराया गया है। ग्रामीणों की माने तो कुएं में गैस बन गया था उसी से हादसा हुआ। दरअसल रविवार को घर के आंगने में बने सूखे कुएं में एक बच्चा फिसलकर गिर गया था। उसे निकालने के लिए दो भाई कुएं के अंदर गये। इनमें से बड़े भाई 40 वर्षीय अश्विन्द कुमार की मौत हो गयी, वहीं छोटा भाई पियूष बेहोश हो गया। पियूष व कुएं में गिरे बच्चे मोनू कुमार का इलाज अनुमंडलीय अस्पताल में कराया जा रहा है। उनकी हालत खतरे से बाहर बतायी जाती है।

कुएं का नहीं होता है इस्तेमाल:-

ग्रामीणों ने बताया कि वीरबल सिंह के घर के बरामदे में एक कुआं है। काफी दिनों से उसका इस्तेमाल नहीं हो रहा है। कुएं में पानी भी नहीं है। रविवार को उनका 12 वर्षीय बेटा मोनू फिसलकर कुएं में जा गिरा। खबर लगते ही लोगों की भीड़ कुएं के पास जमा हो गयी। मोनू को कुएं से निकालने के लिए भोला सिंह के बेटे अश्विन्द कुएं में उतरे। नीचे जाते ही अश्विन्द कुमार बेहोश हो गये। उसके बाद रस्सी के सहारे पियूष उतरा, लेकिन वह भी बेहोशी की कगार पर पहुंच गया। ग्रामीणों ने उसे उपर खींच लिया। इसके बाद कुएं में पानी डाला गया। फिर ग्रामीणों ने चेन बनाकर मोनू और अश्विन्द को किसी प्रकार बाहर निकाला। अश्विन्द की तो मौत घटनास्थल पर ही हो गयी थी। पियूष और मोनू को ग्रामीण इलाज के लिए अस्पताल ले गये। हालांकि घटना की सूचना पाकर अग्निशमन दस्ता भी वहां पहुंचा था। उससे पहले ही ग्रामीणों ने सीढ़ी की सहायता से तीनों को बाहर निकाल लिया था।

गैस के कारण दम घुटने से हुई मौत:

घटना की जानकारी पाकर एसडीओ संजय कुमार अस्पताल पहुंचे। उन्होंने उपाधीक्षक डॉ. उमेश चन्द्र व इलाज कर रहे डॉ. राजनंदन प्रसाद से मरीज के बारे में जानकारी ली। उन्होंने बताया कि कुआं सूखा होने के कारण उसमें गैस बन गया था। गैस के कारण ही दम घुटने से अश्विन्द की मौत हो गयी। उन्होंने सिलाव प्रखंड के बीडीओ डॉ. अंजनी कुमार और सीओ विनोद कुमार पांडेय को मृतक के परिजन को पारिवारिक लाभ योजना की राशि देने को कहा है। राजगीर थाना प्रभारी ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम करा परिजन को सौंप दिया गया है।

अस्पताल में लगी लोगों की भीड़:-

घटना की सूचना पाकर अस्पताल में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गयी। महिलाओं का विलाप सुनकर लोगों की आंखें भर आयीं। ग्रामीणों ने बताया कि मृतक अपने पीछे पत्नी रेणु देवी, एक लड़की और दो लड़के को छोड़कर गये हैं। उनकी मौत से परिवार पर आफत का पहाड़ टूट पड़ा है। मां शीला देवी रो-रोकर बेहाल हो रही थीं। हालांकि लोग इस बात के लिए अश्विन्द की तारीफ कर रहे थे कि एक बच्चे को बचाने की कोशिश में उन्होंने अपनी जान गंवा दी।

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  • Web Title:nalanda: Farmer dies due to suffocation in dry well, two sick