Bihar Floods: 3 तटबंध टूटने से भागलपुर में तबाही कायम, दर्जनों घर खाली; रतजगा कर रहे ग्रामीण
भागलपुर में गुरुवार की देर रात और शुक्रवार तो तीन स्थानों पर तटबंध टूट गए। इससे कई गांवों में दहशत का माहौल कायम हो गया है।

Bihar Floods: कोसी और गंगा नदी के बीच बसे भागलपुर के नवगछिया अनुमंडल में हरेक साल की तरह इस बार भी बाढ़ ने लोगों की नींद उड़ा दी है। आंधी-बारिश से गुरुवार की रात दो तटबंधों में कटाव के बाद शुक्रवार सुबह रंगरा स्थित धोबिनिया बांध भी 20 फीट तक कट गया। इससे इलाके के लोग दहशत में हैं। फिर से बांध टूटने की आशंका से ग्रामीणों ने सामानों को सुरक्षित रखना शुरू कर दिया। प्रशासन भी दौड़ा-भागा मौके पर पहुंचा और हालात को काबू में किया।
ग्रामीणों ने बताया कि रंगरा प्रखंड के बनिया बांध के टूटने के बाद कोसी नदी का पानी तेजी से चारों ओर फैलने लगा है। सड़कों पर पानी आ जाने के कारण यातायात प्रभावित हो गया है। शुक्रवार रात तक बनिया-साधोपुर सड़क पर तीन जगहों पर पानी बह रहा है। सड़क को बचाने के लिए ग्रामीणों द्वारा बालू से भरी बोरियां रखी गई हैं। नवगछिया एसडीओ बी. परीक्षित और एसडीपीओ साईम रजा ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। इसके बाद सड़क को बचाने के लिए युद्धस्तर पर राहत अभियान चलाया गया।
खेत डूबा तो रोते हुए कच्चे पौधे काट रहीं महिलाएं
खेतों में पानी आ जाने से मक्के की फसल डूबने लगी है। महिला किसान रोते हुए मक्के के कच्चे पौधे काट रहीं हैं। महिला किसान नफीसा खातून ने कहा कि उन्होंने कर्ज लेकर खेती की है। मवेशियों को ये पौधे नहीं खिलाएंगे तो वे पानी में डूबकर खराब हो जाएंगे। इधर, एसपी वैभव शर्मा के साथ डीएम अलंकृता पांडे भी बनिया गांव पहुंचीं और वहां चलाए जा रहे बचाव कार्यों का निरीक्षण किया। डीएम ने प्रभावित ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और सीओ को तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
तेज बारिश-हवा से स्पर का सेंक क्षतिग्रस्त
तेज बारिश और हवा से गुरुवार की देर शाम नदी किनारे बने स्परों की स्थिति बिगड़ गई है। स्पर संख्या दो, तीन और चार के डाउनस्ट्रीम में करीब 85 मीटर हिस्से में तेज हवा और बारिश के कारण क्षति हुई है। इनमें स्पर संख्या दो और तीन स्पर संख्या चार में करीब 60 मीटर स्पर का सेंक क्षतिग्रस्त हो गया था। सूचना मिलते ही जल संसाधन विभाग बचाव द्वारा सुरक्षा कार्य तेज किया गया। बाढ़ प्रमंडल नवगछिया के कार्यपालक अभियंता इंजीनियर गौतम कुमार ने बताया तटबंध सुरक्षित है।
मंत्री शैलेंद्र ने लिया जायजा
पथ निर्माण मंत्री ई. कुमार शैलेन्द्र भी रंगरा में बांध टूटने की सूचना पर पहुंचे और लोगों से मिलकर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कटे धोबिनिया बांध पर जाकर देखा और कहा कि विषम परिस्थितियों में बाढ़ पीड़ितों के साथ मजबूती से खड़े हैं।
दो दर्जन लोगों ने घर खाली किया
बांध टूटने के बाद घरों में बाढ़ का पानी आ जाने से लगभग दो दर्जन से अधिक लोगों ने घर खाली कर किया। लोगों ने ऊंचे स्थानों पर जाकर शरण ली है। सड़क पर भी सामान लेकर रह रहे हैं। साधोपुर, जहांगीरपुर, वैसी, भवानीपुर के लोग डरे हैं। बाजार समिति के रास्ते पानी के आने से मुमताज मोहल्ला, नोनियापट्टी के लोग भी भयभीत हैं।
सैकड़ों ग्रामीण कर रहे रतजगा
बनिया रेलवे बांध के टूटने से आसपास के गांवों के लोग दहशत में हैं और रतजगा कर रहे हैं। लोगों ने बताया कि घरों में बाढ़ का पानी घुसने की आशंका बनी हुई है। सोए रहे तो बाढ़ का पानी के आने के बाद घर से सामान भी नहीं निकाल पाएंगे। पानी नजदीक आ जाएगी तो समान निकालकर ऊंचे स्थानों पर चले जाएंगे।
10 मिनट में विद्यालय में आई बाढ़
बांध टूटने के मात्र 10 मिनट के भीतर ही प्राथमिक विद्यालय खरवा टोला, बनिया में बाढ़ का पानी घुस गया। विद्यालय के एचएम अंबिका प्रसाद सिंह ने बताया कि जैसे ही बांध टूटने का शोर हुआ, वे स्थिति देखने के लिए बाहर गए थे। लेकिन जब तक वे लौटकर वापस आए, तब तक पूरा विद्यालय परिसर पानी से जलमग्न हो चुका था।


