
Bihar Election Result: नीतीश की 84 का दिखा दम, 43 से 85 पर पहुंचा जदयू; गिरता ग्राफ रफ्तार से ऊपर
संक्षेप: Bihar Election Result: पिछले चुनाव में उसे केवल 43 सीटें मिली थीं, लेकिन इस बार उसने 85 सीटें जीतीं। मौजूदा प्रदर्शन उसका तीसरा सबसे बेहतर प्रदर्शन है। नीतीश कुमार ने ऐसे तो 84 चुनावी सभाएं कीं और सड़क संपर्क अभियान पूरा किया, लेकिन इस दौरान उन्होंने 200 विस क्षेत्रों को कवर किया।
Bihar Election Result: बिहार विधानसभा चुनाव में जदयू ने काफी शानदार प्रदर्शन किया है। पार्टी ने पिछली बार से न केवल दोगुनी सीटें जीती, बल्कि पिछले तीन चुनावों से गिरते ग्राफ पर भी ब्रेक लगा दिया है। जदयू ने राज्य के हर क्षेत्र में अपने प्रदर्शन को काफी बेहतर किया है। इसमें नीतीश कुमार की मेहनत और चुनावी मैनेजमेंट रंग लाई। योजनाओं की घोषणाओं ने वोटों की झड़ी लगा दी।

पिछले चुनाव में उसे केवल 43 सीटें मिली थीं, लेकिन इस बार उसने 85 सीटें जीतीं। मौजूदा प्रदर्शन उसका तीसरा सबसे बेहतर प्रदर्शन है। जदयू का प्रदर्शन वर्ष 2005 अक्तूबर और वर्ष 2010 के चुनाव के बाद सबसे शानदार है। इस चुनाव में मुख्यमंत्री के चुनाव प्रचार अभियान और अधिक से अधिक विधानसभा क्षेत्रों को कवर करने की योजना के कारण जदयू का प्रचार अभियान काफी व्यापक प्रभाव वाला रहा।
इस उम्र में भी नीतीश कुमार ने पूरी उर्जा से काम किया। उन्होंने ऐसे तो 84 चुनावी सभाएं कीं और सड़क संपर्क अभियान पूरा किया, लेकिन इस दौरान उन्होंने 200 विस क्षेत्रों को कवर किया। नीतीश कुमार ने हर विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं को पर्सनल टच के साथ वोट की अपील की। परिवारवाद के पचड़े से बाहर रहते हुए नीतीश कुमार ने लालू के परिवारवाद को बड़ा हथियार बनाया जिसका खासा असर दिखा। काफी प्रेशर के बाद भी उनके बेटे निशांत कुमार राजनीति में नहीं आए, यह संभवतः उनकी पूर्व नियोजित रणनीति थी।
नीतीश कुमार ने रोजाना 10 विस क्षेत्र के लोगों तक बात पहुंचायी। जदयू के प्रदर्शन पर ध्यान दें तो 2003 में स्थापना के बाद 2005 में हुए पहले चुनाव में उसने 55 सीटें जीतीं। अगले दो चुनावों में लगातार उसका प्रदर्शन बेहतर हुआ, लेकिन उसके बाद दो चुनावों में प्रदर्शन लगातार नीचे गया। अब फिर उसने पिछले प्रदर्शन को पीछे छोड़ा है। लगातार छठे विस में नीतीश कुमार ने ही पार्टी का नेतृत्व किया।





