BPSC TRE 4 की अधियाचना 10-15 दिन में भेजेगी सरकार, शिक्षा मंत्री ने बताया कब जारी होगा नोटिफिकेशन
बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि कहां कितने शिक्षकों के पद खाली हैं, इसकी जानकारी शिक्षा विभाग जुटा रहा है। अगले 10-15 दिनों में इसकी अधियाचना बीपीएससी को भेज दी जाएगी। इसके बाद जुलाई महीने में टीआरई 4 का नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा।
बिहार लोक सेवा आयोग के चौथे चरण की शिक्षक भर्ती (BPSC TRE 4) के नोटिफिकेशन का इंतजार कर रहे लाखों बेरोजगार युवाओं के लिए बड़ी खबर है। बिहार की सम्राट चौधरी सरकार अगले 10-15 दिनों में टीआरई-4 की अधियाचना बीपीएससी को भेज देगी। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मंगलवार को यह घोषणा की। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग वैकेंसी की पूरी जानकारी जुटा रहा है। मंत्री ने स्पष्ट कर दिया कि अगले महीने यानी जुलाई 2026 में बीपीएससी टीआरई 4 परीक्षा का नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा।
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मंगलवार को मीडिया से बातचीत में शिक्षक अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा तैयारी में जुट जाएं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देश पर अगले 5 सालों में 1 लाख शिक्षकों की भर्ती का ऐलान पहले ही कर दिया गया है। हर साल कम से कम 20-20 हजार पदों पर भर्ती की जानी है। हर साल जुलाई महीने में टीआरई का नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा। इस तरह टीआरई 4 का नोटिफिकेशन भी अब जुलाई में ही आएगा।
शिक्षा मंत्री ने एक चैनल से इंटरव्यू में कहा, "हमारे विभाग की कुछ मजबूरियां रहीं, इसलिए टीआरई 4 भर्ती में देरी हुई है। हमने जब विभाग संभाला तब कहा कि जितने भी टीचर के पद खाली हैं, इसका पूरा लेखा-जोखा नहीं लेंगे, तब तक वैकेंसी जारी नहीं करेंगे। इसे लेकर कुछ विसंगतियां सामने आईं। तब विभाग को आदेश दिया गया कि शिक्षकों का रैशनलाइजिशन कर मैपिंग करें। कहां कितने टीचर की जरूरत है यह बताएं। इसके बाद बीपीएससी को अधियाचना भेजी जाएगी।"
मिथिलेश तिवारी ने इसके बाद कहा कि सरकार जल्द ही यह काम पूरा करने वाली है। शिक्षा विभाग की ओर से अगले 10-15 दिनों में अधियाचना बीपीएससी को भेज दी जाएगी। उसके बाद बिहार लोक सेवा आयोग की ओर से जुलाई महीने में टीआरई 4 शिक्षक भर्ती का नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा।
बता दें कि बिहार में चौथे चरण की शिक्षक बहाली को लेकर लाखों युवा महीनों से इंतजार कर रहे हैं। कई जिलों में टीआरई 4 का नोटिफिकेशन जारी करने की मांग को लेकर युवक और युवतियां आंदोलन कर रहे हैं। राजधानी पटना में पिछले महीने दो बार इस मुद्दे पर बड़े प्रदर्शन हुए। 8 मई को हुए प्रदर्शन में पुलिस ने लाठीचार्ज भी किया था, जिससे सियासी बवाल मच गया था।
छात्र नेता दिलीप कुमार को उस समय गिरफ्तार कर 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। जमानत पर जेल से छूटने के बाद दिलीप कुमार ने पिछले सप्ताह पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की और टीआरई-4 का नोटिफिकेशन जल्द जारी कराने का अनुरोध किया।
अभ्यर्थियों का कहना है कि पूर्ववर्ती नीतीश सरकार ने इसी साल की शुरुआत में बीपीएससी को अधियाचना भेज दी थी। मगर, उसमें संशोधन की बात कहकर उसे वापस ले लिया गया था। राज्य सरकार ने पिछले साल ही बीपीएससी टीआरई 4 परीक्षा आयोजित करने का वादा किया था, मगर कई महीने बीत जाने के बावजूद इसका नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ है, जिससे युवा हताश हो रहे हैं, उनका सब्र टूट रहा है।
लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत एक अनुभवी, जुझारू एवं निष्पक्ष पत्रकार हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं की रिपोर्टिंग एवं संपादन में महारत हासिल है। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। तकनीकी रूप से निपुण जयेश, तथ्यों की बारीकी से जांच कर समयसीमा के भीतर पाठकों तक सटीक खबरें एवं शोध-परक विश्लेषण पहुंचाते हैं। जनसरोकार के मुद्दे उठाना, पेशेवर नैतिकता का पालन करना, समाज एवं मानव कल्याण के प्रति जिम्मेदारी, इन्हें और भी योग्य बनाती है। भाषा पर इनकी अच्छी पकड़ है। जटिल मुद्दों को पाठकों एवं दर्शकों तक आसान शब्दों में पहुंचाना इनकी खूबी है।
जयेश जेतावत मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की। इसके बाद ईटीवी भारत में बतौर प्रशिक्षु समाचार संपादक के रूप में काम शुरू किया। फिर इंडिया न्यूज के डिजिटल सेक्शन में विभिन्न बीट कवर की। इसके बाद, वे2न्यूज में बतौर टीम लीडर तीन राज्यों की कमान संभाली। साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े, तब से यहां बिहार की खबरों को कवर कर रहे हैं। जयेश ने टाइम्स ऑफ इंडिया, लाइव इंडिया न्यूज चैनल और सी-वोटर रिसर्च एजेंसी में इंटर्नशिप भी की। पटना से प्रकाशित मैगजीन राइजिंग मगध में समसामयिक विषयों पर इनके लेख छपते रहे हैं। समाचार लेखन के अलावा जयेश की साहित्यिक पठन एवं लेखन में रुचि है, सामाजिक मुद्दों पर कई लघु कथाएं लिख चुके हैं।


