पटना जंक्शन के पास सबसे बड़ा मेट्रो स्टेशन, इन सभी स्टेशनों के लिए मिलेगी ट्रेन
पटना मेट्रो (Patna Metro) स्टेशन के दूसरे और तीसरे लेयर में प्लेटफार्म बनाया जाएगा। दूसरे लेयर पर बनने वाले प्लेटफार्म से कॉरिडोर-टू यानी पटना मेट्रो स्टेशन से पाटलिपुत्र बस टर्मिनल स्टेशन तक के लिए ट्रेनें मिलेंगी
पटना जंक्शन के पास बननेवाला स्टेशन पटना मेट्रो (Patna Metro) का सबसे बड़ा स्टेशन होगा। तीन तल वाले इस स्टेशन से प्रतिदिन लगभग 66 हजार यात्री आवागमन करेंगे। यह इंटरचेंज स्टेशन बनेगा। यहां से पटना मेट्रो कॉरिडोर वन और टू के सभी स्टेशनों के लिए मेट्रो मिलेगी। पटना मेट्रो स्टेशन का निर्माण बुद्धा पार्क के समीप से हो रहा है। इसका प्लेटफार्म पटना जंक्शन के पास बने पुल के नीचे तक होगा। पटना मेट्रो स्टेशन के लिए मिट्टी जांच और घेराबंदी का काम शुरू है। पहले लेयर यानी पहले तल पर टिकट काउंटर और प्लेटफार्म तक जाने के लिए जांच द्वार के साथ अन्य सुविधाएं रहेंगी। इसके अलावा दूसरे और तीसरे तल पर बनने वाले प्लेटफार्म तक जाने के लिए एस्केलेटर व लिफ्ट लगी होगी।
दूसरे और तीसरे लेयर में बनेगा प्लेटफार्म
पटना मेट्रो स्टेशन के दूसरे और तीसरे लेयर में प्लेटफार्म बनाया जाएगा। दूसरे लेयर पर बनने वाले प्लेटफार्म से कॉरिडोर-टू यानी पटना मेट्रो स्टेशन से पाटलिपुत्र बस टर्मिनल स्टेशन तक के लिए ट्रेनें मिलेंगी। तीसरे लेयर पर बनने वाले प्लेटफार्म से कॉरिडोर-वन यानी पटना मेट्रो स्टेशन से दानापुर मेट्रो स्टेशन तक जाने के लिए ट्रेनें मिलेगी। इसी कारण दोनों कॉरिडोर के लिए अलग-अलग प्लेटफार्म बनाया जाएगा। ताकि यात्रियों की भीड़ एक प्लेटफार्म पर अधिक न रहें।
स्टेशन आने के लिए जमीन के अंदर 6 मीटर समानांतर दो मेट्रो दौड़ेगी
पटना मेट्रो के दोनों कॉरिडोर से आने वाली ट्रेनें डाकबंगला चौराहा के समीप से जमीन के अंदर 6 मीटर की दूरी पर एक साथ चलते हुए पटना मेट्रो स्टेशन पहुंचेगी। आकाशवाणी से आने वाली मेट्रो जमीन से 11-12 मीटर नीचे से होते हुए पटना स्टेशन के दूसरे तल पर और विद्युत भवन से आने वाली मेट्रो जमीन से 23-24 मीटर नीचे से तीसरे तल पर पहुंचेगी। दोनों कॉरीडोर के लिए अलग-अलग मार्ग है।
कॉरिडोर-टू के गांधी मैदान से दूरदर्शन केंद्र होते हुए पटना स्टेशन तक आने वाली मेट्रो पटना स्टेशन तक ही रहेगी। इसके बाद पुन: उसी दिशा में वापस हो जाएगी। जबकि कॉरिडोर-वन के दानापुर की तरफ से आने वाली मेट्रो पटना स्टेशन से मीठापुर होते हुए खेमनीचक तक जाएगी। इसके बाद मेट्रो पुन: उसी दिशा में वापस हो जाएगी।
स्टेशन से जुड़ेंगे तीन टनल एक का निर्माण कार्य पूरा
मेट्रो का सबसे बड़ा स्टेशन पटना स्टेशन होगा। यहां पर तीन टनल का निर्माण होना है। इनमें से एक टनल पटना मेट्रो स्टेशन से आकाशवाणी की तरफ (जिसका निर्माण कर पूरा कर लिया गया है), दूसरा पटना मेट्रो स्टेशन से मीठापुर की तरफ और तीसरा पटना मेट्रो स्टेशन से विद्युत भवन की तरफ होना है। इन दोनों टनल के लिए अब तक खुदाई कार्य प्रारंभ नहीं हुआ है।





