Bhagalpur News: मानिक सरकार घाट पर आधा दर्जन मकानों पर मंडराया खतरा, सड़क पर पड़ीं दरारें
Bhagalpur News: मानिक सरकार घाट किनारे आधा दर्जन मकानों पर बड़ा खतरा गंगा का जलस्तर बढ़ने से

Bhagalpur News: भागलपुर, वरीय संवाददाता। गंगा के बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के कारण मानिक सरकार घाट क्षेत्र में स्थिति गंभीर हो गई है। घाट किनारे बने और निर्माणाधीन करीब आधा दर्जन भवनों पर गंगा में समाने का खतरा मंडरा रहा है। पूर्व में घाट के पिछले हिस्से में भारी कटाव हुआ था, जिसके बाद बाढ़ नियंत्रण विभाग की ओर से घाट किनारे जिओ बैग्स लगा बचाव कार्य किए गए थे। इसके बावजूद अब सड़क और अगले हिस्से में भी दरारें आने लगी हैं। वर्तमान में गंगा का जलस्तर इतना बढ़ चुका है कि नदी सड़क के महज एक गज नीचे बह रही है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।
स्थानीय प्रशासन और नगर निगम के प्रयास
स्थानीय प्रशासन और नगर निगम द्वारा बाढ़ व कटाव से बचाव के कुछ प्रयास जरूर किए गए, लेकिन खतरे का साया लगातार बरकरार है। पानी की तेज धार के कारण अब नए इलाकों में कटाव का जोखिम बढ़ गया है। इस भयावह स्थिति के पीछे नगर निगम की कार्यशैली और प्रशासनिक ढिलाई को बड़ा कारण माना जा रहा है। घाट किनारे पिछले आठ महीनों के भीतर दो बार भारी कटाव हो चुका है। इसके बावजूद अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई करने में नगर निगम की लेटलतीफी जारी है। जानकारी के अनुसार, मानिक सरकार घाट क्षेत्र में हो रहे अवैध निर्माणों से जुड़ी फाइल पिछले आठ महीनों से दबी पड़ी है।
अवैध निर्माण और सुरक्षा संकट
हालांकि, पूर्व में अवैध भवन स्वामियों को नोटिस जारी की गई थी, लेकिन उसके बाद कोई ठोस दंडात्मक कार्रवाई नहीं की गई। इस ढिलाई का नतीजा है कि निर्माण कार्य चलता रहा और अब कटाव के कारण आसपास की पूरी आबादी की सुरक्षा पर बड़ा संकट आ खड़ा हुआ है। यदि समय रहते कटाव रोधी उपाय और सख्त प्रशासनिक कदम नहीं उठाए गए, तो कई रिहाइशी मकान गंगा की तेज धारा में विलीन हो सकते हैं। इसको लेकर नगर निगम के अवैध निर्माण शाखा प्रभारी अजय शर्मा ने बताया कि नोटिस देने के बाद की प्रक्रियाएं चल रही है। इसको लेकर वरीय पदाधिकारियों से विचार विमर्श कर अग्रतर कार्रवाई करने का निर्देश प्राप्त किया जाएगा।


