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सहररसा: स्टेट बैंक के खाते से हुआ 7.76 लाख का साइबर फ्रॉड, बैंक में भी सेफ नहीं पैसा

सहररसा: स्टेट बैंक के खाते से हुआ 7.76 लाख का साइबर फ्रॉड, बैंक में भी सेफ नहीं पैसा

संक्षेप:

सहरसा के शिक्षक अनिल कुमार सिंह के स्टेट बैंक ऑफ इंडिया खाते से 7 लाख 76 हजार रुपए की साइबर फ्राड के जरिए निकासी हुई। अपराधियों ने उनके खाते को हैक कर पैसे को मुंबई के एक्सिस बैंक में ट्रांसफर कर दिया। पीड़ित ने साइबर फ्राड हेल्पलाइन पर शिकायत की और पुलिस ने जांच शुरू की।

Dec 27, 2025 05:13 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, भागलपुर
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सहरसा। सहरसा के हटिया गाछी निवासी शिक्षक अनिल कुमार सिंह के स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के खाते से साईबर फ्राड कर अपराधियों ने 7 लाख 76 हजार रुपए फर्जीवाड़ा कर निकासी करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। साईबर अपराधी द्वारा अनिल कुमार सिंह के अकाउंट को हैक करके स्टेट बैंक के खाते से मुंबई के यूनिवर्सल इंश्योरेंस बिल्डिंग स्थित एक्सिस बैंक के दो खातों में ट्रांसफर कर पूरा पैसा साफ कर दिया गया। एक्सिस बैंक का आईएफसी कोड UTIB0000004 है। पीड़ित ने कहा कि उनके बैंक खाते में 7 लाख 76 हजार 259 रूपये थे। दिनांक 22 दिसंबर की शाम को विद्यालय से लौटते समय पेट्रोल लेकर पेमेंट करने लगे तो खाते से हुए फ्राड की जानकारी हुई।

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अविलंब इसकी सूचना है साईबर फ्राड हेल्पलाइन नंबर 1930 पर की गई। साथ ही सहरसा साईबर थाना में प्राथमिकी दर्ज करा दी गई। पुलिस के द्वारा छानबीन शुरू कर दी गई है। हालांकि इस तरह के साईबर अपराधों के सामने बैंक की डिजिटल सुरक्षा प्रणाली बेबस नजर आती है। साथ ही पुलिस की सुस्त कार्यशैली भी अपराधियों को अपराध करने तथा अपराध कर पैसों को ठिकाने लगाने का भरपूर समय दे देती है। सवाल यह भी है कि जब आम जनता के जीवन भर की खून पसीने की कमाई बैंकों में सुरक्षित नहीं है तो लोगों के बैंकों पर जमे विश्वास का क्या होगा? क्या लोगों का पैसा बैंकों में भगवान भरोसे ही रखा जाएगा। इधर जीवन भर की कमाई गंवा बैठे शिक्षक एवं उनके परिजनों की रातों की नींद हराम हो चुकी है। ऐसे मामलों में सिवाय पुलिसिया तकनीकी जांच एंवं कार्वयवाही के भरोसे रहने के अलावा आम आदमी के बस में और है भी क्या।