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25 नवंबर, 2020|3:48|IST

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रामपुर में धान की फसल तैयार, नहीं मिल रहे कटनीहार

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पलामू, गढ़वा, डालटेनगंज, विश्रामपुर जाकर कटनीहार लाएंगे किसान

धान की कटनी में देर होने पर गेहूं, चना, सरसो की बुआई होगी प्रभावित

रामपुर। एक संवााददाता

प्रखंड में अब पककर धान की फसल तैयार हो चली है। जिले में कटनीहार मिल नहीं रहे हैं। अगर समय से फसल की कटनी नहीं हुई तो नुकसान होने व रवि फसल की बुआई प्रभावित होने की आशंका किसानों में बनी हुई है। चिंतित किसान कहते हैं कि धान की कटनी कर खेत हो खाली नहीं करेंगे तो गेहूं, चना, सरसो आदि फसल की बुआई समय से नहीं हो पाएगी। अगर बूंदाबांदी भी हो गई तो फिर कटनी प्रभावित हो सकती है। अब कृषि मजदूरों को कटनी के लिए लाना जरूरी हो गया है। इसके लिए उन्हें दूसरे जिले व प्रदेश में जाना पड़ेगा।

गम्हरियां के किसान विनोद सिंह व नंदन सिंह ने बताया कि प्रखंड क्षेत्र में धान की फसल के कटनीहार नहीं मिल रहे हैं। हमलोग झारखंड के पलामू, गढ़वा, डालटेनगंज, विश्रामपुर आदि जगहों से लाने के लिए आपस में बात कर रहे हैं। बड़कागांव के किसान प्रेम कुमार पांडेय व संजय पांडेय ने बताया कि साधन-संपन्न किसान तो हार्वेस्टर से धान की फसल कटवा लेंगे, लेकिन साधारण किसान को जल्दी हार्वेस्टर उपलब्ध नहीं हो पाएगा। कटनीहार भी नहीं मिल रहे हैं। अब वह बाहर जाकर कृषि श्रमिकों को लाएंगे। इसी सप्ताह बाहर से कटनीहार को लाएंगे। अगर मिल जाते हैं तो अपने साथ लेकर आएंगे।

किसान समन्वयक अनिल गुप्ता ने बताया कि प्रखंड में करीब 7928 हेक्टेयर भूमि में धान की खेती हुई हुई है। अगर हार्वेस्टर से किसान धान की फसल कटवाते हैं तो किसी भी हाल में पराली नहीं जलाना होगा। अगर पराली जलाते हैं तो उन्हें सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ेगा।

फोटो- 01 नवंबर भभुआ- 3

भभुआ- बाहर जाकर कटनीहार को लाने के मुद्दे पर रविवार को आपस में बात करते रामपुर प्रखंड के अकोढ़ी गांव के किसान।

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  • Web Title:Paddy crop ready in Rampur Katnihar is not available