आग से झुलसी महिला ने बनारस में 41वें दिन तोड़ा दम
चैनपुर में एक महिला, सावित्री कुंवर, की गैस लीक से आग लगने से मौत हो गई। विवाद और पैसे की कमी के कारण उसका शव 24 घंटे तक घर में पड़ा रहा। अंततः पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। स्थानीय लोगों की मदद से दाह-संस्कार का प्रबंधन किया गया।

दरवाजा लगाने के विवाद और पैसों के अभाव में 24 घंटे बाद ले गए शव एक मार्च को घर में खाना पकाते समय गैस लीक करने से लगी थी आग (पेज तीन) चैनपुर, एक संवाददाता। आग से झुलसी महिला ने इलाज के दौरान शुक्रवार की सुबह में दम तोड़ दिया। मृतका 65 वर्षीया सावित्री कुंवर चैनपुर थाना क्षेत्र के हाटा शहर निवासी भगवान गोसाईं की पत्नी थी। लेकिन, दरवाजा लगाने के विवाद और पैसों के अभाव में उसका शव घर में ही 24 घंटा पड़ा रहा। शनिवार को चैनपुर थाने की पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराने के लिए सदर अस्पताल भिजवाया।
ग्रामीणों ने बताया कि खाना पकाते समय एक मार्च को गैस से लगी आग से सावित्री झुलस गई थी। उसका इलाज वाराणसी के सर सुंदरलाल अस्पताल में चल रहा था, जहां उसकी मौत हो गई। उसके शव को घर लाया गया। मां के साथ अस्पताल में उसकी बेटी भी थी। इसकी शादी राजस्थान के किसी गांव में हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि आपसी विवाद के कारण सावित्री के घर में दरवाजा नहीं लगा है। बेटी का कहना था कि जब तक कमरे में दरवाजा नहीं लगेगा तब तक मां के शव को ले जाने नहीं देगी। लेकिन, दूसरे पक्षकार ऐसा करने देने से मना कर दिए। ग्रामीणों के समझाने के बाद वह मानी और पुलिस ने उसके शव को सदर अस्पताल भिजवाया। स्थानीय लोगों की मदद से शव के दाह-संस्कार की प्रबंधन किया गया। (चैनपुर से संत दुबे)
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


