पढ़ने के लिए नौनिहालों को जाना पड़ता है दो किमी दूर

Newswrap हिन्दुस्तान, औरंगाबाद
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सुल्तानपुर व लोहरचक में अब तक नहीं खुला सरकारी स्कूल, मुखिया ने डीएम को सौंपा आवेदन सस स स स स स स स स स सस स

पढ़ने के लिए नौनिहालों को जाना पड़ता है दो किमी दूर

कुटुंबा प्रखंड की कुटुंबा पंचायत के सुल्तानपुर और लोहरचक गांव में अब तक सरकारी विद्यालय स्थापित नहीं होने से बच्चों को पढ़ाई के लिए करीब दो किलोमीटर दूर कुटुंबा जाना पड़ रहा है। छोटे बच्चों को प्रतिदिन इतनी दूरी तय करनी पड़ती है, जिससे उनके सामने दुर्घटना का खतरा बना रहता है। इस समस्या को लेकर पंचायत की मुखिया अनिता कुमारी ने डीएम को आवेदन देकर दोनों गांवों में प्राथमिक विद्यालय खोलने की मांग की है। उन्होंने बताया कि सुल्तानपुर की आबादी करीब पांच सौ और लोहरचक की लगभग सात सौ है। दोनों गांवों में प्राथमिक स्तर के 30 से अधिक बच्चे हैं, जिन्हें विद्यालय के अभाव में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।

उन्होंने यह भी कहा कि विद्यालय निर्माण के लिए दोनों गांवों में पर्याप्त सरकारी भूमि उपलब्ध है और ग्रामीण लंबे समय से स्कूल खोलने की मांग करते आ रहे हैं। मुखिया ने डीएम का ध्यान आकृष्ट कराते हुए सुल्तानपुर व लोहरचक में शीघ्र विद्यालय स्थापना की प्रक्रिया शुरू करने की मांग की है, ताकि बच्चों को नजदीक ही शिक्षा की सुविधा मिल सके और उनकी पढ़ाई सुरक्षित व सुगम हो सके।

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