कुवैत-दुबई, कतर, सऊदी में रह रहे प्रवासियों से लगातार संपर्क में परिजन

Mar 01, 2026 12:54 am ISTNewswrap हिन्दुस्तान, अररिया
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फारबिसगंज में खाड़ी देशों में बमबारी और सुरक्षा संकट के चलते परिवारों में चिंता बढ़ गई है। कुवैत, दुबई, कतर और सऊदी अरब में काम कर रहे प्रवासी परिवारों से फोन और व्हाट्सएप के माध्यम से संपर्क कर रहे हैं। मस्जिदों में दुआ और घरों में खबरों पर नजर रखी जा रही है।

कुवैत-दुबई, कतर, सऊदी में रह रहे प्रवासियों से लगातार संपर्क में परिजन

फारबिसगंज, निज संवाददाता। खाड़ी देशों में हालिया बमबारी और सुरक्षा संकट की खबरों ने सीमावर्ती अररिया जिले के फारबिसगंज क्षेत्र में हलचल तेज कर दी है। कुवैत, दुबई, कतर और सऊदी अरब में बड़ी संख्या में रह रहे स्थानीय लोगों के परिजन लगातार फोन और व्हाट्सएप कॉल के जरिए वहां की स्थिति का जायजा ले रहे हैं। रामपुर दक्षिण, नरपतगंज, भवानीपुर, दरभंगिया टोला समेत फारबिसगंज, जोगबनी क्षेत्र के कई परिवार इन दिनों चिंता में डूबे हैं। गांवों में मस्जिदों में परिजन दुआ मांग रहे है और घरों में टीवी व मोबाइल पर खबरों पर नजरें टिकी हुई हैं। कुवैत और अबू धाबी से प्रवासियों की आपबीती- रामपुर दक्षिण के नावेद अहमद ने व्हाट्सएप कॉल पर हिन्दुस्तान को बताया कि वे इस समय कुवैत में सुरक्षित हैं, लेकिन महज कुछ दूरी पर हलचल तेज है।

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उनके साथ राह रहे लोगों ने भी बताया कि लगातार सायरन और सुरक्षा गतिविधियों के कारण लोग सतर्क हैं। रामपुर के मोहम्मद महताब, नरपतगंज के मोहम्मद सरफराज और भवानीपुर के मुख्तार सहित कई लोग कुवैत में कार्यरत हैं। सभी ने परिजनों को भरोसा दिलाया है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रह रहे हैं, अनावश्यक बाहर नहीं निकल रहे हैं और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन कर रहे हैं। दरभंगिया टोला निवासी समीर सिद्दीकी, जो दुबई में कार्यरत हैं, ने बताया कि वे अपने साथियों के साथ दुबई में काम कर रहे हैं। उनके अधिकांश साथी फारबिसगंज और जोगबनी के हैं। समीर के अनुसार, अबू धाबी में कुछ दूरी पर बमबारी हो रही हैं, इसलिए हम लोगों ने एहतियातन खुद को घर के अंदर सुरक्षित रखा है। रामपुर दक्षिण के असद आलम, इमरान अंसारी और अंजर अहमद, जो सऊदी अरब में रह रहे हैं, ने बताया कि फिलहाल वे सुरक्षित हैं, लेकिन पूरी तरह सतर्क हैं। बिना जरूरी काम के घर से बाहर नहीं निकल रहे हैं। यहां हालात नियंत्रण में हैं, लेकिन एहतियात बरत रहे है। उन्होंने यह भी कहा कि यहां से ज्यादा चिंता भारत में रह रहे परिवारों की है। लगातार फोन आ रहे हैं। हर घंटे हालचाल पूछा जा रहा है। हम खुद से ज्यादा घरवालों को समझा रहे हैं कि घबराने की जरूरत नहीं है। गांव-गांव में दुआ, परिजनों की बढ़ी धड़कनें- फारबिसगंज क्षेत्र के रामपुर दक्षिण में बड़ी संख्या में लोग खाड़ी देशों में कार्यरत हैं। ताजा घटनाक्रम के बाद गांव में बेचैनी का माहौल है। परिजन लगातार दूरभाष और इंटरनेट कॉल के माध्यम से पल-पल की जानकारी ले रहे हैं। मस्जिदों में विशेष दुआ की जा रही है। परिवारों का कहना है कि जब तक स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं हो जाती, तब तक चिंता बनी रहेगी। हालांकि प्रवासियों से मिल रही जानकारी के अनुसार वे सभी फिलहाल सुरक्षित हैं और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन कर रहे हैं। खास बात कि खाड़ी देशों में जारी तनाव का सीधा असर फारबिसगंज क्षेत्र पर दिख रहा है। यहां के लोग हजारों किलोमीटर दूर रह रहे अपनों की सलामती के लिए हर पल दुआ और इंतजार में हैं। हर हाथ के मोबाइल में जो मनोरंजन व खेल आदि देख रहे थे , आज हर हाथ के मोबाइल में सिर्फ न्यूज़ चैनल पर खबरें चलते देखे गए । लोग पल-पल की जानकारी न्यूज़ चैनल के माध्यम से ले रहे हैं।

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