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फारबिसगंज स्टेशन पर अब तक चालू नहीं हुआ सीसीटीवी कैमरा

फारबिसगंज, निज संवाददाता करीब आठ करोड़ की लागत से फारबिसगंज स्टेशन का आधुनिकीकरण...

फारबिसगंज स्टेशन पर अब तक चालू नहीं हुआ सीसीटीवी कैमरा
हिन्दुस्तान टीम,अररियाWed, 15 May 2024 12:01 AM
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फारबिसगंज, निज संवाददाता
करीब आठ करोड़ की लागत से फारबिसगंज स्टेशन का आधुनिकीकरण किया गया। इसके साथ ही आचार संहिता से पहले कई जोड़ी ट्रेनों का भी परिचालन भी शुरू किया गया। बावजूद भी अभी तक स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरा चालू नहीं हो पाया है। आए दिन घटना दर घटना से भी रेल प्रशासन कोई सबक नहीं ले रहा है। सीसीटीवी कैमरा लगाने के नाम पर पिछले कई महीनों से उपक्रम शोभा का वस्तु बना हुआ है। बताया जाता है कि एनएफ रेलवे के कटिहार मंडल स्थित जोगबनी कटिहार रेलखंड के कई रेलवे स्टेशन सीसीटीवी कैमरा से अछूता है। भारत-नेपाल बॉर्डर स्थित जोगबनी रेलवे स्टेशन एवं फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरा नहीं लगना लोगों को पिछले कई वर्षों से चकित कर रहा है। जानकार बताते हैं कि पिछले वर्ष करीब आठ करोड़ की लागत से फारबिसगंज रेलवे स्टेशन का आधुनिकीकरण किया गया। प्लेटफार्म का विस्तार करते हुए फुट ओवर ब्रिज तक का निर्माण कराया गया। मधुबनी और मिथिला पेंटिंग से पूरे स्टेशन को पाट दिया गया मगर सबसे आवश्यक समझे जाने वाले सीसीटीवी कैमरा आज तक चालू नहीं हो पाया। जबकि डीआरएम से लेकर जीएम तक ने कई बार सीसीटीवी कैमरा चालू करने का आश्वासन तो दिया मगर आज तक मूर्तरूप नहीं ले पाया है। जानकार बताते हैं इन दिनों आए दिन फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर आपराधिक घटना घटित होती रही है। ऐसे में सीसीटीवी कैमरा का नहीं होना न सिर्फ यात्री हित में नहीं बल्कि रेल हित में कहीं से भी उचित नहीं है। पिछले दिनों जोगबनी से दानापुर जा रही ट्रेन में फारबिसगंज स्टेशन पर एक महिला से अपराधी ने मोबाइल छीन लिया। सैकड़ो लोगों के नजर में वे भाग निकले। बताया जा रहा है कि अगर सीसीटीवी कैमरा चालू रहता तो उस युवक की पहचान भी होती और शायद वह युवक इतना हिम्मत भी नहीं कर पाता। इतना ही नहीं आए दिन स्टेशन पर आपराधिक घटना घटती है और असामाजिक तत्वों का विचारण केंद्र बना हुआ है। अनावश्यक गतिविधि को लेकर यात्री परेशान रहते है। यहां तक की विधि व्यवस्था संधारण को लेकर इतने महत्वपूर्ण स्टेशन पर जीआरपी के एक कर्मी तक नदारत है। आरपीएफ यहां है भी तो बलों की संख्या इतनी कम है कि ठीक ढंग से निगहबानी भी संभव नहीं है। ऐसे में यात्री हित एवं अपराध पर नियंत्रण पाने के लिए सीसीटीवी कैमरा को सबसे सशक्त माध्यम समझा जाता है मगर इस दिशा में रेल प्रशासन उदासीन बनी हुई है। पिछले महीना से ही सीसीटीवी कैमरा चालू करने के नाम पर जगह-जगह उपक्रम लगाए गए हैं मगर वह उपक्रम भी अब शोभा का वस्तु बना हुआ है। ऐसे में आम लोगों का रेल प्रशासन के प्रति आक्रोश भी पनप रहा है। कई स्वयंसेवी एवं राजनीतिक संगठनों ने सीसीटीवी कैमरा नहीं होने की स्थिति में सीधे आंदोलन की धमकी दी है। नागरिक संघर्ष समिति के सचिव रमेश सिंह ने कहा कि अगर समय रहते सीसीटीवी कैमरा चालू नहीं हुआ तो फिर आंदोलन का रुख हथियार करना पड़ेगा। वही रेल से संबंधित बछराज राखेचा और विनोद सरावगी ने भी बताया कि कई बार इस मामले में डीआरएम एवं डीसीएम का ध्यान आकृष्ट कराया गया है। साकारात्मक आश्वासन के बाद भी स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरे की निगहबानी नहीं होना यह लोगों को हत्प्रव कर रहा है।

क्या कहते हैं अधिकारी:

स्टेशन प्रबंधक मनोज झा ने बताया कि सीसीटीवी कैमरा लगाने की दिशा में काम हो रहा है। जगह-जगह उपक्रम लगाए गए हैं। इस दिशा में रेल प्रशासन काफी सक्रिय है। जल्द ही स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरा का संचालन शुरू हो जाएगा। अपराध नियंत्रण एवं यात्री सुविधा की दिशा में सीसीटीवी कैमरा के महत्व को नकारा नहीं जा सकता है। लिहाजा आने वाले कुछ समय में सीसीटीवी कैमरा का संचालन स्टेशन पर शुरू हो जाएगी।

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