मिशन संजीवनी : न्यायिक पदाधिकारियों की उपस्थिति में लगा सीपीआर का प्रशिक्षण शिविर
मिशन संजीवनी के तहत आरा व्यवहार न्यायालय में सीपीआर प्रशिक्षण कार्यशाला और निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित किया गया। प्रधान न्यायाधीश ने सीपीआर तकनीक की महत्ता पर जोर दिया। इस कार्यक्रम में 150 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया और स्वास्थ्य जांच की गई।

आरा, निज प्रतिनिधि। मिशन संजीवनी के अंतर्गत जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से आरा व्यवहार न्यायालय के न्यू बिल्डिंग में सीपीआर प्रत्यक्ष प्रशिक्षण एवं प्रदर्शन कार्यशाला एवं निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष और जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने की। मौके पर श्रीजी सेवा ट्रस्ट और सक्षम अस्पताल के सौजन्य से डॉ. अभिषेक रंजन एवं टीम ने न्यायिक पदाधिकारी, अधिवक्ताओं, न्यायालय कर्मियों, पारा विधिक स्वयंसेवकों और आम नागरिकों को हृदयाघात एवं कार्डियक अरेस्ट जैसी आपातकालीन स्थिति में जीवन रक्षक सीपीआर तकनीक का प्रत्यक्ष प्रशिक्षण दिया। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कहा कि सीपीआर एक ऐसा कौशल है, जिससे समय पर किसी की जान बचाया जा सकता है।
न्यायालय परिसर में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को इस तकनीक की जानकारी होनी चाहिए। कार्यशाला में लगभग 150 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। साथ ही निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविरमें बीपी, शुगर, ईसीजी आदि की जांच की गई। कार्यक्रम में प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार सहित सभी न्यायिक पदाधिकारी, अधिवक्ता एवं न्यायालय कर्मी उपस्थित रहे।
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


