…तो फिर JDU में रहेगा कौन, छोटू सिंह के समर्थन में कूदे छोटे सरकार; पार्टी से निकालने पर क्या बोले
छोटे सरकार यानी अनंत सिंह ने छोटू सिंह को जदयू से निकाले जाने को लेकर कहा है कि ऐसा नहीं करना चाहिए था। अनंत सिंह ने कहा कि अगर ऐसे गलती खोजेंगे तो किसने गलती नहीं किया है? सभी लोगों को पार्टी से निकाल देंगे तो पार्टी में रहेगा कौन?

जनता दल (यूनाइटेड) यानी जदयू ने हाल ही में बिहार राज्य नागरिक परिषद के महासचिव अरविंद सिंह उर्फ छोटू सिंह को पार्टी से निकाल दिया है। छोटू सिंह को पार्टी से निकाले जाने को छोटे सरकार यानी अनंत सिंह ने गलत बताया है। मीडिया से बातचीत में मोकामा विधायक अनंत सिंह ने कहा है कि छोटू सिंह से जो गलती हुई है उसे माफ किया जा सकता था। बता दें कि जदयू ने छोटू सिंह को छह साल के लिए पार्टी से निकाला है।
छोटू सिंह को JDU से निकाले जाने से संबंधित एक सवाल का जवाब देते हुए अनंत सिंह ने कहा, ‘छोटू सिंह से गलती हुआ था, लेकिन पार्टी वाले आदमी जो किए वो नहीं करना चाहिए था। लेकिन वो तो बड़े हैं जो कहेंगे वही तो होगा ना, छोटे का तो कुछ है नहीं। लेकिन अगर ऐसे गलती खोजेंगे तो किसने गलती नहीं किया है? सभी लोगों को पार्टी से निकाल देंगे तो पार्टी में रहेगा कौन? पार्टी में कोई भी अगर एक गलती कर देता है तो उसे माफी मिलनी चाहिए। अगर वो बार-बार गलती करता है तब फिर गलती की जो सजा हो वो दे सकते हैं। वो बड़का हैं, कोई बड़का है जिसने गलती नहीं किया हो, लेकिन वो बड़का हैं तो उनको कौन निकालेगा? छोटे को तो तुरंत निकाल देंगे। इतनी बड़ी सजा नहीं देनी चाहिए।’
जदयू विधायक अनंत सिंह ने आगे कहा, 'हम और कोई बात नहीं जानते हैं। हम सिर्फ इतना ही सुने हैं कि उनको पार्टी से बाहर कर दिया गया। इसके अलावा हम और कोई कहानी नहीं जानते हैं। कोई गलती हुआ तब ही तो पार्टी ने निकाला। लेकिन इतनी सी गलती पर निकालना नहीं चाहिए। उनको मौका देना चाहिए। गलती सब से हुआ है और सबसे होता है।'
बता दें कि जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने पार्टी विरोधी आचरण के आरोप में छोटू सिंह की प्राथमिक सदस्यता रद्द कर दी थी और उन्हें 6 साल के लिए पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया था। बता दें कि छोटू सिंह पूर्व सीएम नीतीश कुमार और अशोक चौधरी के कई कार्यक्रमों में अक्सर नजर आते थे। बताया जाता है कि उमेश कुशवाहा ने जदयू की जो नई टीम बनाई थी उसमें छोटू सिंह का नाम नहीं था इसे लेकर छोटू सिंह ने बगावती तेवर दिखाए थे। कहा तो यह भी जाता है कि छोटू सिंह की जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा के साथ कुछ बहस भी हुई थी।


