Hindi NewsBihar NewsAadhar card included as 12th document in Bihar SIR order by Election Commission
बिहार SIR में आधार कार्ड 12वें दस्तावेज के तौर पर शामिल, चुनाव आयोग से आदेश जारी

बिहार SIR में आधार कार्ड 12वें दस्तावेज के तौर पर शामिल, चुनाव आयोग से आदेश जारी

संक्षेप:

बिहार में वोटर लिस्ट के एसआईआर में चुनाव आयोग ने आधार कार्ड को 12वें दस्तावेज के रूप में शामिल कर लिया है। आयोग ने बिहार के सभी जिलों में निर्वाचन पदाधिकारियों को सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अनुपालना सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं।

Sep 09, 2025 05:45 pm ISTJayesh Jetawat हिन्दुस्तान, पटना
share Share
Follow Us on

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के मद्देनजर चल रहे वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) में आधार कार्ड को 12वें दस्तावेज के रूप में शामिल कर दिया गया है। अब आधार के जरिए भी मतदाता अपना सत्यापन करा सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट के एसआईआर को लेकर दिए गए आदेश के बाद भारत निर्वाचन आयोग ने यह फैसला लिया है। इस संबंध में चुनाव आयोग ने बिहार के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को शीर्ष अदालत का आदेश लागू करने का निर्देश दिया। इसके बाद बिहार सरकार के निर्वाचन विभाग ने सभी जिलों को आदेश जारी कर दिया है।

LiveHindustan को अपना पसंदीदा Google न्यूज़ सोर्स बनाएं – यहां क्लिक करें।

केंद्रीय निर्वाचन आयोग ने बिहार के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को सुप्रीम कोर्ट के उस आदेश को लागू करने का निर्देश दिया है, जिसमें आधार कार्ड को 12वें दस्तावेज के रूप में मान्यता दी गयी है। इसके बाद बिहार सरकार के निर्वाचन विभाग ने सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारी, निर्वाचक निबंधक पदाधिकारी और सहायक निर्वाचन निबंधन पदाधिकारियों को इस आदेश के अनुपालन का निर्देश जारी किया है।

निर्वाचन विभाग ने सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारी, निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी और सहायक निर्वाचन निबंधन पदाधिकारियों को एसआईआर में आधार को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अनुपालना कराने को कहा है। इस निर्देश के अनुसार आधार स्वीकार न करने या उसका पालन न करने की किसी भी घटना को अत्यंत गंभीरता से लिया जाएगा।

ये भी पढ़ें:बिहार में SIR पर बड़ी राहत, सुप्रीम कोर्ट ने बढ़ा दी दस्तावेज जमा करने की तारीख

केंद्रीय निर्वाचन आयोग ने पत्र में कहा कि 24 जून 2025 के एसआईआर आदेश में सूचीबद्ध 11 दस्तावेजों के अतिरिक्त आधार कार्ड को 12वें दस्तावेज के रूप में माना जाएगा। आधार (वित्तीय और अन्य सब्सिडी, लाभ और सेवाओं का वितरण) अधिनियम, 2026 की धारा 9 के अनुसार, आधार कार्ड को पहचान के प्रमाण के रूप में स्वीकार और उपयोग किया जाना है, ना कि नागरिकता के प्रमाण के रूप में।

जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 23(4) के तहत, आधार कार्ड पहले से ही किसी व्यक्ति की पहचान स्थापित करने के उद्देश्य से सूचीबद्ध दस्तावेजों में से एक होगा।

ये भी पढ़ें:SIR में अब आधार दिखाकर भी चल जाएगा काम, चुनाव आयोग बोला- घुसपैठिये मिले हैं

बता दें कि चुनाव आयोग ने बिहार में वोटर लिस्ट रिवीजन के दौरान मतदाताओं के सत्यापन के लिए पूर्व में 11 दस्तावेजों की सूची जारी की थी। इसमें आधार कार्ड शामिल नहीं था। इसके खिलाफ विपक्षी दलों और विभिन्न संगठनों की ओर से सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई। पिछले दिनों शीर्ष अदालत ने इस मामले पर सुनवाई के दौरान चुनाव आयोग को एसआईआर में आधार कार्ड को मान्य दस्तावेज के रूप में शामिल कराने का निर्देश दिया था।

Jayesh Jetawat

लेखक के बारे में

Jayesh Jetawat
राजनीतिक, सामाजिक, इंफ्रास्ट्रक्चर, पर्यटन और अपराध जैसे विषयों पर लिखना पसंद है। मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं, अभी बिहार कवर कर रहे हैं। लाइव हिन्दुस्तान से पहले ईटीवी भारत, इंडिया न्यूज, वे-2-न्यूज, टाइम्स ऑफ इंडिया जैसे संस्थानों में काम कर चुके हैं। समाचार के अलावा साहित्य पठन-लेखन में भी रुचि है। और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News, Bihar Shapath Grahan, Bihar Election Result 2025, Bihar Chunav Result, बिहार चुनाव 2025 , Bihar vidhan sabha seats , बिहार चुनाव एग्जिट पोल्स और बिहार चुनाव 2025 की खबरें पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।