दुनिया का 'ऑटो हब' बनेगा भारत! विदेशी कंपनियों ने छोड़ा अमेरिका-यूरोप का साथ, जान लीजिए पूरी डिटेल्स
दुनियाभर की बड़ी कार कंपनियों के लिए भारत अब सिर्फ एक बाजार नहीं, बल्कि पूरी दुनिया को गाड़ियां सप्लाई करने वाला सबसे बड़ा 'गढ़' बन गया है। बता दें कि यूरोप और अमेरिका जैसे बड़े देशों में कारों की मांग कम हो रही है।

दुनियाभर की बड़ी कार कंपनियों के लिए भारत अब सिर्फ एक बाजार नहीं, बल्कि पूरी दुनिया को गाड़ियां सप्लाई करने वाला सबसे बड़ा 'गढ़' बन गया है। बता दें कि यूरोप और अमेरिका जैसे बड़े देशों में कारों की मांग कम हो रही है। इसलिए दिग्गज कंपनियां अब भारत को अपना मैन्युफैक्चरिंग हब बना रही हैं। कम लागत और बेहतर प्रोडक्शन की वजह से विदेशी ब्रांड्स अब यहीं से पूरी दुनिया के बाजारों में कदम रख रहे हैं। आइए जानते हैं पूरी खबर विस्तार से।






मिलती जुलती गाड़ियाँ
और गाड़ियां देखें

Renault Kwid
₹ 4.3 - 5.99 लाख

ऑफ़र समाप्त हो रहे हैं

Renault Triber
₹ 5.76 - 8.6 लाख

ऑफ़र समाप्त हो रहे हैं

Renault Kiger
₹ 5.76 - 10.34 लाख

ऑफ़र समाप्त हो रहे हैं
दिग्गज कंपनियों का 'मिशन इंडिया'
इस बदलाव की झलक फॉक्सवैगन और रेनॉल्ट जैसी कंपनियों के प्लान में साफ दिखती है। फॉक्सवैगन अब खास भारतीय सड़कों के लिए इलेक्ट्रिक गाड़ियां बनाने की तैयारी में है। वहीं, रेनॉल्ट भी अपनी चेन्नई वाली फैक्ट्री के दम पर SUV बाजार में बड़ा धमाका करने वाली है। रेनॉल्ट की नई 'डस्टर' अगले महीने लॉन्च होने वाली है। जल्द ही इसका 7-सीटर वर्जन भी सड़क पर दिखेगा।
सुजुकी की 'लाइफलाइन' बनी मारुति
मारुति सुजुकी तो अब अपनी जापानी पैरेंट कंपनी 'सुजुकी' की रीढ़ की हड्डी बन चुकी है। सुजुकी की दुनियाभर में होने वाली कुल बिक्री का सबसे बड़ा हिस्सा अकेले भारत से आता है। भले ही विदेशों में कारों की डिमांड कम हो रही हो, लेकिन भारत में मारुति हर दिन नए रिकॉर्ड बना रही है। इसी को देखते हुए सुजुकी ने अपना ग्लोबल प्रोडक्शन टारगेट भी काफी बढ़ा दिया है। मारुति के सभी प्लांट फिलहाल पूरी क्षमता के साथ काम कर रहे हैं।
ग्लोबल ऑटो हब बनने की ओर भारत
कुल मिलाकर, ग्लोबल कंपनियों के लिए भारत अब सबसे जरूरी मार्केट बन गया है। जहां बाकी दुनिया में ऑटो सेक्टर की रफ़्तार सुस्त है, वहीं भारत अपनी आर्थिक मजबूती की वजह से निवेश के लिए सबसे पक्का ठिकाना है। आसान लोन और बेहतर टैक्स नियमों ने ग्राहकों का उत्साह बढ़ाया है। अब विदेशी कंपनियों को भी समझ आ गया है कि ग्लोबल मार्केट में टिके रहने के लिए भारत को साथ लेकर चलना ही होगा।
लेखक के बारे में
Ashutosh Kumarदेश-दुनिया की खबरों में रुचि पत्रकारिता में खींच लाई। IIMC, नई दिल्ली से पत्रकारिता की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत 2022 में ‘लाइव हिंदुस्तान’ से हुई। बीते करीब 4 सालों से आशुतोष बिजनेस और ऑटो सेक्शन में काम कर रहे हैं। राजनीति, बिजनेस और धर्म में खास रुचि है। लाइव हिंदुस्तान में बिजनेस, टेक, ऑटो, स्पोर्ट्स, एस्ट्रोलॉजी, करियर और न्यूज सेक्शन में लगातार काम करने का अनुभव है। लाइव हिंदुस्तान के लिए बिहार चुनाव 2025 का ग्राउंड पर जाकर पूरा वीडियो कवरेज किया है। बड़े नेताओं और लेखकों के साथ 50 से ज्यादा इंटरव्यू लेने का अनुभव भी रखते हैं। आशुतोष को उनकी रिपोर्टिंग के लिए संस्थान की ओर से प्रतिष्ठित ‘Digi journo of the Quarter’ अवार्ड भी मिल चुका है।
और पढ़ेंलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।



