इन नई कारों में अंडरबॉडी CNG, लिस्ट में मारुति सुजुकी के साथ रेनो और निसान भी
सीएनजी सिलेंडर बूट में जगह घेरता है। इसी समस्या को दूर करने के लिए अब कई कंपनियां अंडरबॉडी सीएनजी टेक्नोलॉजी पर काम कर रही हैं। कुछ मॉडल्स में यह तकनीक पहले से इस्तेमाल भी की जा रही है और कुछ नई कारों में यह आने वाली है।

भारत में CNG कारों की पॉप्युलैरिटी लगातार बढ़ रही है। E20 पेट्रोल आने के बाद ग्राहक अब ज्यादा माइलेज और कम रनिंग कॉस्ट वाली कारों को प्रायोरिटी दे रहे हैं। सीएनजी कारें ऐसे ग्राहकों के लिए अच्छा ऑप्शन हैं, जो इलेक्ट्रिक कार पर शिफ्ट हुए बिना पेट्रोल के मुकाबले कम खर्च में कार चलाना चाहते हैं। हालांकि, सीएनजी कारों की सबसे बड़ी परेशानी बूट स्पेस को लेकर होती है क्योंकि सीएनजी सिलेंडर बूट में जगह घेरता है। इसी समस्या को दूर करने के लिए अब कई कंपनियां अंडरबॉडी सीएनजी टेक्नोलॉजी पर काम कर रही हैं। कुछ मॉडल्स में यह तकनीक पहले से इस्तेमाल भी की जा रही है और अब कुछ अपकमिंग कारों में भी अंडरबॉडी सीएनजी देखने को मिल सकता है। आइए जानते हैं आने वाले समय में किन कारों में यह टेक्नोलॉजी ऑफर की जा सकती है।
Renault Triber Turbo CNG
इस लिस्ट में पहला नाम रेनो ट्राइबर का है। कंपनी इस एमपीवी में बड़ा पावरट्रेन अपडेट करने की तैयारी कर रही है। ट्राइबर टर्बो को टेस्टिंग के दौरान टर्बो और CNG बैज के साथ देखा जा चुका है। उम्मीद है कि नई ट्राइबर को Renault Group Entry Platform यानी RGEP पर शिफ्ट किया जाएगा। इससे कंपनी को टर्बो-पेट्रोल इंजन के साथ फैक्ट्री-फिटेड सीएनजी टेक्नोलॉजी देने में मदद मिलेगी। ट्राइबर में काइगर वाला 1.0-लीटर, थ्री-सिलेंडर टर्बो-पेट्रोल इंजन मिल सकता है, जो करीब 100 PS की पावर और 160 Nm का टॉर्क देगा। इसका सबसे बड़ा आकर्षण ड्यूल-सिलेंडर सीएनजी सेटअप होगा, जिसे कार के फ्लोर के नीचे लगाया जाएगा। टर्बो-सीएनजी वर्जन को शुरुआत में 5-स्पीड मैनुअल गियरबॉक्स के साथ पेश किए जाने की उम्मीद है।
Nissan Gravite Turbo CNG
निसान ग्रेवाइट असल में रेनो ट्राइबर का निसान वर्जन है और दोनों एमपीवी की टेक्नोलॉजी काफी हद तक एक जैसी है। ऐसे में ट्राइबर के RGEP प्लेटफॉर्म पर जाने के बाद ग्रेवाइट में भी इसी तरह के बदलाव किए जाने की उम्मीद है। इसमें भी फैक्ट्री-फिटेड ड्यूल-सिलेंडर अंडरबॉडी सीएनजी सेटअप दिया जा सकता है। ग्रेवाइट सीएनजी में वही 1.0-लीटर टर्बो-पेट्रोल इंजन मिलने की उम्मीद है, जो करीब 100 PS और 160 Nm का आउटपुट दे सकता है। थ्री-रो वाली एमपीवी में अंडरबॉडी सीएनजी का फायदा ज्यादा होगा क्योंकि सिलेंडर बूट स्पेस को कम नहीं करेगा। हालांकि, निसान ने अभी इसकी लॉन्च टाइमलाइन और पावरट्रेन से जुड़ी सटीक जानकारी नहीं दी है।
Maruti Suzuki Fronx Facelift
मारुति सुजुकी फ्रॉन्क्स का फेसलिफ्ट भी करीब नवंबर 2026 में लॉन्च होने की उम्मीद है। इसमें अंडरबॉडी सीएनजी मिलने की उम्मीद है। मौजूदा फ्रॉन्क्स सीएनजी में ड्यूल-सिलेंडर सेटअप दिया गया है, लेकिन ये सिलेंडर बूट स्पेस का बड़ा हिस्सा घेरते हैं। नए मॉडल में कंपनी सिलेंडर को कार के फ्लोर के नीचे लगाने का सोच सकती है। फ्रॉन्क्स सीएनजी में मौजूदा 1.2-लीटर पेट्रोल इंजन को बरकरार रखा जा सकता है। सीएनजी मोड में यह इंजन करीब 77 bhp की पावर और 98 Nm का टॉर्क देता है। इसे 5-स्पीड मैनुअल गियरबॉक्स के साथ ऑफर किया जाता है। अंडरबॉडी सीएनजी के अलावा फेसलिफ्ट में नया फ्रंट डिजाइन, Level 1 ADAS, वेंटिलेटेड सीट्स और बड़ा टचस्क्रीन इन्फोटेनमेंट सिस्टम जैसे अपडेट भी मिल सकते हैं।



