Hindi NewsAuto NewsTesla ready to drive in up to 2 billion dollar but with riders

US से आने वाली टेस्ला कार पर सिर्फ इतना लगेगा टैक्स, नई कीमतें आईं सामने; कंपनी $2 बिलियन से खोलेगी फैक्ट्री

एलन मस्क की टेस्ला के लिए भारतीय बाजार के रास्त लगभग साफ हो चुके हैं। अब कभी भी टेस्ला की इलेक्ट्रिक कार भारतीय सड़कों पर दौड़ती नजर आ सकती हैं। कंपनी यहां 2 बिलियन डॉलर का निशे करेगी।

US से आने वाली टेस्ला कार पर सिर्फ इतना लगेगा टैक्स, नई कीमतें आईं सामने; कंपनी $2 बिलियन से खोलेगी फैक्ट्री
Narendra Jijhontiya लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्लीFri, 24 Nov 2023 09:15 AM
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एलन मस्क की टेस्ला के लिए भारतीय बाजार के रास्त लगभग साफ हो चुके हैं। अब कभी भी टेस्ला की इलेक्ट्रिक कार भारतीय सड़कों पर दौड़ती नजर आ सकती हैं। ET की खबर के मुताबिक, सरकार ने कंपनी को पहले 2 सालों के लिए इम्पोर्ट होने वाले व्हीकल के लिए 15% के कन्सेशनल ड्यूटी को अप्रूव कर दिया है। अब टेस्ला भारत में अपनी फैक्ट्री तैयार करने के लिए 2 बिलियन डॉलर (लगभग 16.50 हजार करोड़ रुपए) का निवेश करेगी।

टेस्ला की भारत में एंट्री और फैक्ट्री लगाने से जुड़े मामले से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, टेस्ला ने एक कम्प्लीट प्रस्ताव के साथ केंद्र सरकार से संपर्क किया है। जिसमें निवेश की मात्रा को उन कारों की संख्या से जोड़ा गया है, जिन्हें वह कम शुल्क पर इम्पोर्ट कर सकती है। यदि सरकार 12,000 व्हीकल के लिए रियायती टैरिफ बढ़ाती है, तो कंपनी 500 मिलियन डॉलर तक निवेश करने को तैयार है। यदि 30,000 वाहनों के लिए कम शुल्क को मंजूरी दी जाती है, तो कंपनी इसे 2 बिलियन डॉलर तक बढ़ा सकती है।

40% स्थानीयकरण के लिए रहेगी कमिटेड
सरकार टेस्ला द्वारा प्रस्तावित नंबर्स की तुलना में रियायती टैरिफ पर इम्पोर्ट होने वाली कारों की संख्या भी कम करना चाहती है। वो इस बात का मूल्यांकन कर रही है कि क्या रियायती टैरिफ को चालू वित्त वर्ष (10,000 इकाइयों) में भारत में बेचे जाने वाले कुल ईवी के 10% तक सीमित किया जाना चाहिए। इसे दूसरे वर्ष के लिए इसे 20% तक बढ़ाया जा सकता है। FY23 में लगभग 50,000 इलेक्ट्रिक फोर व्हीकल बेचे गए हैं। FY24 में इसके 100,000 तक जाने की उम्मीद है। टेस्ला 2 सालों में भारत में तैयार कारों के मूल्य का 20% तक स्थानीयकरण करने और 4 सालों में इसे 40% तक बढ़ाने के लिए कमिटेड रहेगी।

नुकसान हुआ तो परपाई के लिए बैंक गारंटी
भारत सरकार 40,000 डॉलर से अधिक लागत, बीमा और माल ढुलाई मूल्य वाली कारों पर 100% और उससे सस्ते वाहनों पर 70% इम्पोर्ट ड्यूटी लेती है। इसके अलावा, यदि टेस्ला कार मैन्युफैक्चरिंग को लेकर कमिटमेंट के मुताबिक पैसा खर्च नहीं करती है, तब सरकार को इम्पोर्ट ड्यूटी के कारण होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए भरपाई से जुड़ी बैंक गारंटी की आवश्यकता हो सकती है। सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि ऑस्टिन, टेक्सास स्थित कंपनी सरकार से बैंक गारंटी पर जोर नहीं देने का अनुरोध कर रही है।

भारत में 3 मॉडल को लाने की प्रस्ताव
नई रिपोर्ट की मानें तो टेस्ला भारतीय बाजार में शुरुआत में 3 कारों को एक्सपोर्ट करके एंट्री करना चाहती हैं। इसमें मॉडल 3, मॉडल Y और एक नई हैचबैक शामिल हैं। अमेरिकी बाजार में मॉडल 3 की कीमत $39,000 (करीब 32.37 लाख रुपए), मॉडल Y की कीमत $44,000 (करीब 36.52 लाख रुपए) और हैचबैक की कीमत $25,000 (करीब 20.75 लाख रुपए) है। मामले से जुड़े जानकार व्यक्ति के मुताबिक, रियायती आयात शुल्क दिए जाने पर भारत में मॉडल 3 की कीमत 38 लाख रुपए और मॉडल Y की कीमत 43 लाख रुपए होने की संभावना है।

टेस्ला मॉडल Y की ड्राइविंग, रेंज और चार्जिंग
टेस्ला मॉडल Y की अच्छी बात ये है कि इसे 100% तक चार्ज कर सकते हैं। जबकि दूसरे मॉडल जैसे मॉडल S सिर्फ 90% तक ही चार्ज हो पाते हैं। कंपनी द्वारा सेटअप किए गए फास्ट चार्जिंग स्टेशन पर इसे आधे घंटे में फुल चार्ज किया जा सकता है। घर पर इसे चार्ज करने पर करीब 6 घंटे का वक्त लगता है। मॉडल Y में जो सबसे बड़ी प्रॉबल्म आ रही है वो इसका ऑटो पायलट मोड है। इस मोड में कार की स्पीड 90 माइल्स प्रति घंटा (करीब 145 Km/h) तक हो जाती है। जिसके चलते बैटरी तेजी से डिस्चार्ज हो जाती है। हालांकि, ऑटो पायलट मोड में हर 2 से 3 मिनट में स्टीयरिंग पकड़ना पड़ती है, नहीं तो ये मोड डिएक्टिव हो जाता है।

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