इन 5 मारुति कारों की डिमांड सबसे ज्यादा, बना डालीं 23 लाख यूनिट; कीमत ₹5.78 लाख से शुरू
मारुति सुजुकी के मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO, हिसाशी टेकुची ने कहा, दुनिया भर में बहुत कम कंपनियां ऐसी हैं जो किसी एक देश में इतनी बड़ी मात्रा में प्रोडक्शन कर पाई हैं। यह उपलब्धि एक ऐसे ऑटोमोबाइल ईकोसिस्टम का नतीजा है जिसे साढ़े चार दशकों से बहुत सावधानी से तैयार किया गया है।

मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने फाइनेंशियल ईयर 2026 में 2.34 मिलियन (23 लाख 4 हजार) पैसेंजर गाड़ियों का प्रोडक्शन किया। ये कंपनी के लिए अब तक का सबसे ज्यादा सालाना प्रोडक्शन वॉल्यूम भी है। यह FY25 के 2.1 मिलियन (21 लाख) यूनिट के मुकाबले 11.66% की बढ़ोतरी है। मारुति सुजुकी की डिजायर, फ्रोंक्स, स्विफ्ट, अर्टिगा और बलेनो जैसे मॉडल्स इस साल सबसे ज्यादा प्रोडक्शन किए गए मॉडल्स थे। इनमें से हर एक ने 2 लाख यूनिट का आंकड़ा पार कर लिया।
मारुति सुजुकी के मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO, हिसाशी टेकुची ने कहा, “दुनिया भर में बहुत कम कंपनियां ऐसी हैं जो किसी एक देश में इतनी बड़ी मात्रा में प्रोडक्शन कर पाई हैं। यह उपलब्धि एक ऐसे ऑटोमोबाइल ईकोसिस्टम का नतीजा है जिसे साढ़े चार दशकों से बहुत सावधानी से तैयार किया गया है।”
| मारुति की मोस्ट प्रोडक्शन कारों की कीमतें | |
|---|---|
| मॉडल | एक्स-शोरूम कीमतें |
| स्विफ्ट | 5,78,900 रुपए |
| बलेनो | 5,98,900 रुपए |
| डिजायर | 6,25,600 रुपए |
| फ्रोंक्स | 6,84,900 रुपए |
| अर्टिगा | 8,80,000 रुपए |
मारुति सुजुकी का यह रिकॉर्ड प्रोडक्शन वॉल्यूम ऐसे समय में आया है जब भारत में पैसेंजर गाड़ियों की बिक्री साल-दर-साल 8% बढ़कर 4.7 मिलियन (47 लाख) यूनिट के अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गई है। इसकी मुख्य वजह सितंबर 2025 में गुड्स एंड सर्विस टैक्स (GST) में की गई कटौती थी। मारुति सुजुकी ने FY26 में एक्सपोर्ट वॉल्यूम में भी साल-दर-साल 34% की बढ़ोतरी दर्ज की, जो 447,000 गाड़ियों तक पहुंच गया।
टेकुची ने कहा, "यह ईकोसिस्टम मौजूदा सरकार के पॉलिसी माहौल से भी मजबूत हुआ है। जैसे कि GST 2.0 की शुरुआत, जिसने बाजार के भरोसे को बढ़ाया और एक अहम समय पर मांग को भी बढ़ाया, जिससे हम रिकॉर्ड संख्या में यूनिट का प्रोडक्शन कर पाए।" मारुति सुजुकी के अभी चार मैन्युफैक्चरिंग प्लांट चल रहे हैं। इसमें एक गुरुग्राम, एक मानेसर, एक हरियाणा के खरखौदा और एक गुजरात के हंसलपुर में स्थित है। इन सभी प्लांट की कुल सालाना प्रोडक्शन कैपेसिटी 2.4 मिलियन (24 लाख) यूनिट की है।
अपनी प्रोडक्शन कैपेसिटी बढ़ाने की रणनीति के तहत, भारत की सबसे बड़ी कार बनाने वाली कंपनी ने गुजरात के साणंद में खोराज औद्योगिक एस्टेट में अपने 5वें मैन्युफैक्चरिंग प्लांट के लिए जमीन की पहचान कर ली है। पूरी तरह से चालू हो जाने के बाद इस नए प्लांट की सालाना प्रोडक्शन कैपेसिटी 1 मिलियन (10 लाख) यूनिट होगी।
मारुति सुजुकी अभी घरेलू और एक्सपोर्ट बाजार की जरूरतों को पूरा करने के लिए 17 मॉडल्स के 650 से ज्यादा वैरिएंट का प्रोडक्शन करती है। इस जापानी कार बनाने वाली कंपनी ने FY31 तक अपने प्रोडक्शन को बढ़ाकर 4 मिलियन (40 लाख) यूनिट तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। टेकुची ने कहा, "हमारी मूल कंपनी, सुजुकी मोटर कॉर्पोरेशन का भारत की विकास गाथा में गहरा विश्वास और साथ ही भारत को एक निर्यात केंद्र के रूप में विकसित करने पर बढ़ता जोर हमें हमारा लक्ष्य इसे बढ़ाकर लगभग 40 लाख यूनिट प्रति वर्ष तक पहुंचाना है।"



