
खुल गई इस कार की पोल! सेफ्टी क्रैश टेस्ट में 0 नंबर; बुकिंग से पहले जरूर देख लें, वरना बहुत पछताएंगे
हुंडई ग्रैंड i10 को GNCAP में 0-स्टार रेटिंग मिली है, जो दर्शाता है कि इस कार को स्ट्रक्चरल मजबूती और पैसिव सेफ्टी फीचर्स में बड़े अपग्रेड की जरूरत है। अगर आप यह कार खरीदने की सोच रहे हैं, तो आपको क्रैश टेस्ट रेटिंग को ध्यान में रखते हुए फैसला लेना चाहिए।
मेड-इन-इंडिया हुंडई ग्रैंड i10 (Hyundai Grand i10) को ग्लोबल न्यू कार असेसमेंट प्रोग्राम (GNCAP) में 0-स्टार सेफ्टी रेटिंग मिली है। यह रेटिंग खासकर दक्षिण अफ्रीका में बेचे जाने वाले मॉडल के लिए है, लेकिन इस रिपोर्ट ने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा है, क्योंकि भारत में भी गाड़ी का स्ट्रक्चर काफी हद तक समान होता है। आइए ग्लोबल न्यू कार असेसमेंट प्रोग्राम (GNCAP) द्वारा किए गए हुंडई ग्रैंड i10 के क्रैश टेस्ट का रिजल्ट जानते हैं।






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हुंडई ग्रैंड i10 की सेफ्टी रेटिंग
हुंडई ग्रैंड i10 (Grand i10) ने एडल्ट ऑक्यूपेंट प्रोटेक्शन (Adult Occupant Protection) में 0/34 पॉइंट्स हासिल किए हैं। वहीं, चाइल्ड प्रोटेक्शन (Child Occupant Protection) में 28.57/49 पॉइंट्स मिले हैं।
हुंडई ग्रैंड i10 (Grand i10) के फ्रंटल इम्पैक्ट टेस्ट की बात करें तो इसने फ्रंटल क्रैश टेस्ट (64 km/h) में चिंताजनक परिणाम दिखाए। इसके अलावा सिर और गर्दन में अच्छा प्रोटेक्शन देखने को मिला। वहीं, ड्राइवर और पैसेंजर के सिर व गर्दन को ठीक-ठाक सुरक्षा मिली।
चालक के सीने का प्रोटक्शन
ड्राइवर चेस्ट की सेफ्टी में बेहतर सेफ्टी नहीं देखने को मिली, जबकि पैसेंजर के चेस्ट में पर्याप्त सुरक्षा देखी गई।
घुटने का प्रोटक्शन
ड्राइवर और पैसेंजर के घुटनों को केवल लिमिटेड सेफ्टी मिली। वहीं, पैरों की सुरक्षा की बात करें तो दाएं पैर (टिबिया) पर ठीक-ठाक प्रोटेक्शन देखने को मिला। वहीं, बाएं पैर पर भी पर्याप्त प्रोटेक्शन देखने को मिला।
फुटवेल और बॉडीशेल की सेफ्टी
GNCAP ने कार के फूटवेल और पूरे बॉडीशेल को अनस्टेबल बताया, यानी क्रैश में यह अतिरिक्त लोड सहने में सक्षम नहीं है। यह किसी भी कार के लिए सबसे गंभीर चेतावनी मानी जाती है।
साइड इम्पैक्ट टेस्ट की बात करें तो इसके चेस्ट टेस्ट में ये फिर फेल नजर आई। साइड क्रैश टेस्ट में भी स्थिति कुछ बेहतर नहीं रही। हालांकि, सिर और पेल्विस का प्रोटेक्शन अच्छा पाया गया। वहीं, पेट का प्रोटेक्शन ठीक-ठाक रहा, लेकिन चेस्ट की सेफ्टी में ये बिल्कुल 0 रही।
इसके अलावा गाड़ी में साइड हेड प्रोटेक्शन (जैसे साइड एयरबैग) नहीं होने के कारण साइड पोल टेस्ट (Side Pole Test) किया ही नहीं गया।
चाइल्ड प्रोटेक्शन में कैसा प्रदर्शन?
चाइल्ड प्रोटेक्शन (Child Occupant Protection) में ये कार बेहतर पाई गई। यहां ग्रैंड i10 ने अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन किया। इसमें 3 साल के बच्चे की सीट पर सिर को पूरी सुरक्षा मिलती है। वहीं, 18 महीने के बच्चे की सीट के लिए भी सिर को पूरी सुरक्षा मिलती है। Child Safety Seat (CRS) की कार्यक्षमता अच्छी पाई गई, इसलिए स्कोर भी बेहतर रहा।
भारतीय ग्राहकों के लिए कितनी चिंता?
यह स्कोर भारत में बिकने वाली ग्रैंड i10 के लिए भी चिंता का विषय है। फिलहाल, यह रिपोर्ट अफ्रीका-विशेष मॉडल की है, लेकिन इंडिय ग्रैंड i10 का प्लेटफॉर्म समान है। एयरबैग काउंट, स्ट्रक्चर और सेफ्टी लेवल मिलते-जुलते हैं। इसलिए, यह टेस्ट भारत में मौजूद मॉडल की सुरक्षा समझने का एक संकेत जरूर देता है।

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Sarveshwar Pathakलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




