एक शिव भक्त की दिनचर्या क्या होनी चाहिए? जानें प्रेमानंद महाराज का जवाब
एक शिव भक्त ने प्रेमानंद महाराज जी से पूछा कि शिव जी के करीब आने के लिए क्या करना होगा या एक शिव भक्त की दिनचर्या क्या होनी चाहिए। चलिए जानते हैं कि प्रेमानंद महाराज जी ने क्या जवाब दिया।

प्रेमानंद महाराज किसी परिचय के मोहताज नहीं है। प्रेमानंद महाराज इस दौर के ऐसे संत हैं, जिनके दरबार में लोग अपने जीवन के कठिन से कठिन सवालों के जवाब लेने पहुंचते हैं. एक शिव भक्त ने प्रेमानंद महाराज जी से पूछा कि शिव जी के करीब आने के लिए क्या करना होगा या एक शिव भक्त की दिनचर्या क्या होनी चाहिए। चलिए जानते हैं कि प्रेमानंद महाराज जी ने क्या जवाब दिया।
शिव भक्त की दिनचर्या कैसी हो?
इस सवाल का जवाब देते हुए प्रेमानंद महाराज जी कहते हैं कि प्रात: काल उठकर के शिव स्वरूप गुरुदेव का स्मरण करते हुए, उनके द्वारा बताए हुए नाम का जप करो। इसके बाद स्नान कर लें। भगवान शिव तो बहुत कृपालु है। उनके जैसा कृपालु भगवान तो मिलना मुश्किल है। एक चल्लु जल, धतूरे का फल, अकौड़ा का फूल, बेल की पत्ती चढ़ाने से वो प्रसन्न हो जाते हैं। जो कोई त्रिभुवन में देवता नहीं स्वीकार कर सकता, वो भगवान शंकर की पूजा की सामग्री है।
शिव जी को प्रसन्न करने के उपाय
प्रेमानंद महाराज जी कहते हैं कि उनका नाम जप करो और उनका अभिषेक करो, उनकी आराधना करो और उनकी प्रेमीजनों का संग करो। रोज हो सके, तो आसपास शिवालय हो तो दर्शन करने जाओ। महाराज जी कहते हैं कि दर्शन करने से भी प्रेम उत्पन्न होता है। कभी-कभी समय मिले, तो द्वादश ज्योतिर्लिंग है। अगर द्वादश ज्योतिर्लिंग का रोज स्मरण किया जाए, तो सैकड़ों जन्मों के पाप नष्ट हो जाते हैं।
अब सवाल उठता है कि कौन सा मंत्र जपें। इसपर महाराज जी कहते हैं कि ये तो गुरु से पूछना होगा। गुरु का वरण करो और जो गुरुदेव आदेश करें, वो जपना चाहिए। जो गुरुदेव मंत्र दें, वो जपना चाहिए। ये मंत्र आदि सभा में उच्चारण करने का तो विषय है नहीं कि हम गुरु मंत्र बोले कि शिव उपासक ये जपे, राम उपासक ये जपे। अगर शिव की उपसना करनी है, तो दंडी संन्यासी जो उपासना से युक्त सन्यासी उनका आश्रय लो और उनसे मंत्र लो। उनकी उपासना पद्धति से चलो, तो भगवान शिव की कृपा प्राप्त हो जाएगी।
शिवजी को प्रसन्न करने के ज्योतिष उपाय
शिवजी की पूजा करते समय सफेद, हरा, पीला, आसामानी जैसे रंगों के कपड़े पहनें। शिव रक्षा स्त्रोत का पाठ करने से भी शिवजी की कृपा मिलती है। सोमवार, मासिक शिवरात्रि, प्रदोष व्रत और महाशिवरात्रि जैसे विशेष दिनों में शिवजी की पूजा और व्रत जरूर करें। शिवजी की पूजा में उनकी प्रिय चीजें जैसे जल, बेलपत्र, भांग, धतूरा आदि अर्पित करने से भी महादेव प्रसन्न होते हैं।
डिस्क्लेमरः इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।
लेखक के बारे में
Dheeraj Palसंक्षिप्त विवरण:
धीरज पाल को पत्रकारिता के क्षेत्र में 7 साल का अनुभव है। लाइव हिन्दुस्तान में काम करते हुए इन्हें 4 साल हो गए हैं। धीरज एजुकेशन रिपोर्टर के तौर पर काम कर चुके हैं। अपने करियर के दौरान धीरज ने राजनीति समाचार, एजुकेशन बीट के लिए ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
धीरज ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से बीए इन मीडिया स्टडीज और राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय प्रयागराज से जनसंचार एवं पत्रकारिता से परास्नातक की पढ़ाई की। धीरज पाल ने अपने पत्रकारिता कर की शुरुआत एपीएन न्यूज चैनल से की। इसके बाद उन्होंने लोकमत न्यूज हिंदी और एनडीटीवी जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम किया। हिंदुस्तान लाइव में यूपी बोर्ड से लेकर उन्होंने लोकसभा चुनाव कवर करने साथ-साथ खेल जैसे बीट पर काम किया। अब इनका एकमात्र उद्देश्य करियर और एजुकेशन से जुड़ी रुचिगत, सरल, प्रमाणिक और पाठक-हितैषी रूप में प्रस्तुत करना है।
व्यक्तिगत रुचियां
उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के निवासी धीरज पाल को पत्रकारिता और ज्योतिषीय अध्ययन के साथ-साथ घूमने, किताबें पढ़ने और क्रिकेट खेलने का शौक है।
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