वास्तु टिप्स: कहीं आप तो कमरे में नहीं लगा रहे गलत पर्दा? जानें बेडरूम से लेकर लिविंग एरिया का नियम
Curtain Colors according Vastu: अगर वास्तु के हिसाब से घर में पर्दों लगाए जाए तो जिंदगी से आधी परेशानी अपने आप दूर हो जाएगी। नीचे जानें कि किस कमरे में किस रंग का पर्दा लगाना जरूरी होता है।

जिंदगी में उतार-चढ़ाव लगा ही रहता है लेकिन जब मुश्किल ज्यादा बढ़ जाएं तो हर कोई उससे राहत पाना चाहता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार अगर आप अपने घर की कुछ चीजों को सही कर लें तो जिंदगी की तमाम मुश्किलें तो अपने आप ही सही हो जाएंगी। वास्तु के कुछ आसान से नियम हैं जो रोजमर्रा की जिंदगी से ही जुड़े हुए हैं। हमारे आसपास की कई चीजें ऐसी हैं जो अपनी एनर्जी से या तो चीजों को ठीक कर देते हैं या फिर सब खराब ही हो जाता है। आपको सोचकर हैरानी होगी कि घर में इस्तेमाल किए जाने वाले पर्दों की एनर्जी का असर भी हमारी जिंदगी में पड़ता है। नीचे विस्तार से जानें कि आखिर किस रंग के पर्दों को घर में लगाना सही होता है? साथ ही जानें पर्दों से जुड़े कुछ और भी नियम...
किस रंग के पर्दे?
जब भी घर में पर्दे लगाने की बारी आती है तो आमतौर पर लोग दीवार के रंग के कॉस्ट्रास्ट वाले रंग के पर्दों को चुनते हैं। लोग अपनी-अपनी पसंद के रंग के पर्दों को ही लगाते हैं। अगर यही फैसला वास्तु के नियमों को ध्यान में रखकर ले लिया जाए तो घर में हमेशा पॉजिटिविटी बनी रहेगी। वास्तु के अनुसार हर एक कमरे के हिसाब से पर्दे के रंग का चुनाव करना चाहिए। कमरे में कौन रहने वाला है, उसे ध्यान में रखते हुए वास्तु के नियमों का पालन करना सही होता है। लिविंग एरिया में हमेशा हल्के रंग के पर्दे ही सही होते हैं। वहीं पूजा घर में पीले रंग के पर्दे लगाना सही होता है।
बच्चों और बड़ों के कमरे में ऐसे पर्दे
अगर आपको बच्चों के कमरे में पर्दा लगाना है तो यहां पर गुलाबी और हल्के हरे रंग के पर्दे लगा सकते हैं। इन रंगों से बच्चों की एकाग्रता बढ़ती है और उनका मन पढ़ाई में ज्यादा लगता है। वहीं बड़ों के कमरे में नीले, नारंगी और भूरे रंग का इस्तेमाल करना चाहिए। इन रंगों से मन को सुकून मिलता है। वहीं बेडरूम के अंदर हमेशा क्रीम, सफेद, नारंगी या फिर पीले रंग के पर्दे लगा सकते हैं।
डिस्क्लेमर- (इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए वास्तुशास्त्र विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।)





